मणिपुर के इंफाल ईस्ट में पुलिस, QAT और CRPF ने यात्री बस से 20 हजार संदिग्ध WY टैबलेट जब्त कर दो लोगों को गिरफ्तार किया। अलग कार्रवाई में लिलोंग पुलिस ने ट्रामाडोल, अल्प्राजोलम और डायजेपाम बरामद कर एक 50 वर्षीय व्यक्ति को पकड़ा।
इंफाल: मणिपुर के इंफाल ईस्ट जिले में पुलिस और सुरक्षा बलों की संयुक्त टीम ने एक यात्री बस से 20,000 संदिग्ध WY टैबलेट बरामद की हैं। पुलिस के मुताबिक, जब्त टैबलेट का कुल वजन करीब 2.1 किलोग्राम है। इस मामले में दो लोगों को गिरफ्तार किया गया है। कार्रवाई 22 सितंबर को मणिपुर के मणिपुखरी इलाके में की गई। इसी दौरान एक अलग अभियान में लिलोंग पुलिस ने एक 50 वर्षीय व्यक्ति को गिरफ्तार कर उसके पास से 208 ट्रामाडोल कैप्सूल, 583 अल्प्राजोलम कैप्सूल और 111 डायजेपाम टैबलेट बरामद किए। पुलिस दोनों मामलों की आगे जांच कर रही है।
यात्री बस से 20 हजार संदिग्ध WY टैबलेट बरामद
पुलिस के अनुसार, 22 सितंबर को विश्वसनीय सूचना मिलने के बाद हेइंगांग पुलिस स्टेशन, क्विक एक्शन टीम (QAT) और 86वीं बटालियन CRPF की संयुक्त टीम ने मणिपुर के इंफाल ईस्ट जिले के मणिपुखरी इलाके में एक यात्री बस को रोका। बस का रजिस्ट्रेशन नंबर MN03 T-2080 बताया गया है। तलाशी के दौरान वाहन के भीतर कथित तौर पर छिपाकर रखी गई संदिग्ध प्रतिबंधित सामग्री बरामद हुई।
पुलिस ने बताया कि इसमें करीब 20,000 WY टैबलेट थीं, जिनका वजन लगभग 2.1 किलोग्राम था। पुलिस ने बरामद टैबलेट को फिलहाल संदिग्ध WY टैबलेट के रूप में बताया है। उपलब्ध जानकारी में इन टैबलेट की अंतिम रासायनिक पहचान या फोरेंसिक जांच के परिणाम का उल्लेख नहीं है।
दो लोगों को किया गया गिरफ्तार
इस कार्रवाई के बाद पुलिस ने दो लोगों को गिरफ्तार किया। उनकी पहचान 37 वर्षीय Md. Anish Khan और 36 वर्षीय Korimayum Nurul Haque के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक, Md. Anish Khan मणिपुर के Lilong Usoipokpi का रहने वाला है, जबकि Korimayum Nurul Haque का पता Lilong Haoreibi Makha Leikai बताया गया है।
दोनों की गिरफ्तारी कथित प्रतिबंधित सामग्री की बरामदगी के सिलसिले में की गई है। मामले में पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि टैबलेट कहां से लाई गई थीं और उन्हें कहां ले जाया जा रहा था। हालांकि, उपलब्ध जानकारी में बरामद सामग्री की आपूर्ति या तस्करी के नेटवर्क से जुड़े किसी अन्य व्यक्ति की गिरफ्तारी की पुष्टि नहीं की गई है।
लिलोंग में अलग कार्रवाई, कई दवाएं जब्त
इसी तरह की एक अन्य कार्रवाई में लिलोंग पुलिस ने 21 सितंबर को एक 50 वर्षीय व्यक्ति को उसके इलाके में स्थित Lilong Nungei Ningthibi Bazar से गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक, तलाशी के दौरान उसके कब्जे से अलग-अलग प्रकार की दवाएं बरामद की गईं।
बरामद सामग्री में 208 ट्रामाडोल कैप्सूल, 583 अल्प्राजोलम कैप्सूल और 111 डायजेपाम टैबलेट शामिल हैं। पुलिस ने गिरफ्तार व्यक्ति की पहचान Ghulam Sayed Azad, उम्र 50 वर्ष, के रूप में की है। वह स्वर्गीय Md. Abdul Samad का पुत्र है और Lilong Nungei Ningthibi Bazar का निवासी बताया गया है।
दोनों मामलों की जांच जारी
पुलिस ने बताया कि दोनों मामलों में आगे की जांच जारी है। अधिकारियों की जांच का उद्देश्य बरामद सामग्री के स्रोत और उसके संभावित वितरण से जुड़े तथ्यों का पता लगाना है।
पहले मामले में यात्री बस से बड़ी संख्या में संदिग्ध WY टैबलेट मिलने के बाद पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपियों से पूछताछ कर सकती हैं। वहीं, दूसरे मामले में जब्त ट्रामाडोल, अल्प्राजोलम और डायजेपाम के संबंध में भी जांच की जा रही है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, पुलिस ने अभी दोनों मामलों की जांच के अंतिम निष्कर्ष या जब्त सामग्री की फोरेंसिक रिपोर्ट सार्वजनिक नहीं की है।
मणिपुर में संयुक्त अभियान
पहली कार्रवाई में स्थानीय पुलिस के साथ QAT और CRPF की 86वीं बटालियन की संयुक्त भागीदारी रही। यह अभियान विश्वसनीय सूचना के आधार पर चलाया गया था। सुरक्षा एजेंसियों की ओर से यात्री बस को रोककर की गई तलाशी के दौरान कथित रूप से छिपाई गई सामग्री का पता चला। पुलिस ने इसके बाद दोनों संदिग्धों को हिरासत में लिया और बरामद सामग्री को जब्त किया।
ऐसी कार्रवाई में जब्त पदार्थ की वास्तविक प्रकृति की पुष्टि आमतौर पर जांच और आवश्यक परीक्षण के बाद होती है। इसलिए फिलहाल पुलिस द्वारा इस्तेमाल किए गए ‘संदिग्ध WY टैबलेट’ शब्द को ही बरकरार रखना महत्वपूर्ण है।
दो अलग मामलों में हुई कार्रवाई
दोनों घटनाएं अलग-अलग पुलिस कार्रवाइयों से संबंधित हैं। पहली कार्रवाई 22 सितंबर को मणिपुखरी में यात्री बस के खिलाफ की गई, जिसमें 20,000 संदिग्ध WY टैबलेट बरामद होने की जानकारी दी गई है। दूसरी कार्रवाई 21 सितंबर को लिलोंग नुंगेई निंगथिबी बाजार इलाके में की गई, जिसमें 50 वर्षीय Ghulam Sayed Azad को गिरफ्तार किया गया और उसके कब्जे से तीन तरह की दवाएं बरामद की गईं।
पुलिस ने दोनों मामलों को लेकर आगे की जांच जारी रहने की बात कही है। उपलब्ध जानकारी में यह नहीं बताया गया है कि दोनों मामलों के बीच कोई आपसी संबंध है या नहीं। इसलिए दोनों घटनाओं को फिलहाल अलग-अलग मामलों के रूप में ही देखा जा रहा है।
जांच में सामने आएगा पूरा नेटवर्क
20,000 संदिग्ध WY टैबलेट की बरामदगी इस मामले की जांच का महत्वपूर्ण हिस्सा है। पुलिस अब बरामद सामग्री के स्रोत, उसके संभावित गंतव्य और आरोपियों की कथित भूमिका से संबंधित जानकारी जुटा रही है। वहीं, दूसरे मामले में जब्त दवाओं के संबंध में भी पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि ये दवाएं किस उद्देश्य से रखी गई थीं और इनके स्रोत के बारे में क्या जानकारी सामने आती है।
फिलहाल पुलिस ने दोनों मामलों में गिरफ्तारी और बरामदगी की पुष्टि की है, जबकि विस्तृत जांच जारी है। आगे की कार्रवाई जांच में सामने आने वाले तथ्यों और संबंधित कानूनी प्रक्रिया के आधार पर होगी।










