दक्षिण-पश्चिम मानसून ने केरल में दस्तक दे दी है। मौसम विभाग ने अगले सात दिनों तक दक्षिण भारत के कई हिस्सों में भारी बारिश का अनुमान जताया है, जबकि 24 राज्यों में आंधी, बारिश और तेज हवाओं को लेकर अलर्ट जारी किया गया है।
New Delhi: देशभर में मौसम का मिजाज तेजी से बदल रहा है। दक्षिण-पश्चिम मानसून केरल पहुंच चुका है और इसके प्रभाव से कई राज्यों में बारिश की गतिविधियां बढ़ने लगी हैं। मौसम विभाग ने दक्षिण भारत में भारी वर्षा और देश के 24 राज्यों में आंधी, बारिश तथा तेज हवाओं की संभावना जताते हुए विभिन्न स्तर के अलर्ट जारी किए हैं।
केरल पहुंचा मानसून, आगे बढ़ने की रफ्तार तेज
दक्षिण-पश्चिम मानसून ने आखिरकार केरल में प्रवेश कर लिया है। सामान्य परिस्थितियों में मानसून एक जून तक केरल पहुंच जाता है, लेकिन इस वर्ष इसकी एंट्री कुछ दिनों की देरी से हुई है। मौसम विभाग के अनुसार अब मानसून तेजी से आगे बढ़ेगा और अगले दो से तीन दिनों में गोवा, महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, तमिलनाडु तथा पूर्वोत्तर भारत के कई हिस्सों तक पहुंच सकता है।

मानसून की सक्रियता बढ़ने के साथ ही केरल, कर्नाटक और तमिलनाडु के कई क्षेत्रों में अगले सात दिनों तक भारी बारिश की संभावना जताई गई है। तटीय इलाकों में कहीं-कहीं अत्यधिक वर्षा भी दर्ज की जा सकती है।
24 राज्यों में बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट
मौसम विभाग ने देश के 24 राज्यों में बारिश, आंधी और तेज हवाओं को लेकर चेतावनी जारी की है। राजस्थान, गुजरात, मध्य प्रदेश, ओडिशा, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, उत्तर प्रदेश और तेलंगाना समेत कई राज्यों में मौसम अचानक बदल सकता है।
कुछ क्षेत्रों में 40 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना है। राजस्थान, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के कई इलाकों में भारी बारिश और ओलावृष्टि को लेकर विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है। दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों में भी अगले दो दिनों के लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है।
प्री-मानसून गतिविधियों से कई राज्यों को राहत
मध्य प्रदेश, झारखंड, छत्तीसगढ़ और उत्तर प्रदेश सहित कई राज्यों में प्री-मानसून गतिविधियां तेज हो गई हैं। इन राज्यों में पिछले कुछ दिनों से रुक-रुक कर बारिश और तेज हवाओं का दौर जारी है। इससे लोगों को भीषण गर्मी से कुछ राहत मिली है।
मध्य प्रदेश के कई जिलों में बारिश और ओलावृष्टि की संभावना बनी हुई है। वहीं उत्तर प्रदेश के दर्जनों जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश का पूर्वानुमान है। झारखंड में बंगाल की खाड़ी से आने वाली नमी के कारण बादल छाए रहने और वर्षा होने की संभावना जताई गई है।
कई राज्यों में गर्मी का असर अभी भी बरकरार
बारिश की गतिविधियां बढ़ने के बावजूद देश के कई हिस्सों में गर्मी का असर पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। गुजरात, पश्चिमी राजस्थान, बिहार, उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र और तमिलनाडु के कई शहरों में तापमान अभी भी 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर बना हुआ है।
बिहार के कुछ जिलों में हीटवेव का अलर्ट जारी किया गया है, जहां तापमान 42 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। हरियाणा, पंजाब और राजस्थान के कुछ क्षेत्रों में भी दिन के समय तेज गर्मी महसूस की जा रही है, हालांकि बारिश और तेज हवाओं के कारण तापमान में धीरे-धीरे कमी आने की उम्मीद है।
किसानों और आम लोगों के लिए महत्वपूर्ण समय
मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि मानसून की सक्रियता बढ़ने से कृषि गतिविधियों को गति मिलेगी। खासकर खरीफ फसलों की बुआई की तैयारी कर रहे किसानों के लिए यह राहत की खबर है। हालांकि भारी बारिश वाले क्षेत्रों में जलभराव और तेज हवाओं से नुकसान की आशंका भी बनी हुई है।
मौसम विभाग ने लोगों से खराब मौसम के दौरान सावधानी बरतने, बिजली गिरने की आशंका वाले क्षेत्रों से दूर रहने और स्थानीय प्रशासन की सलाह का पालन करने की अपील की है। आने वाले दिनों में मानसून की प्रगति और बारिश की तीव्रता पर लगातार नजर रखी जाएगी।












