मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे के मिसिंग लिंक पर 1 नवंबर 2026 से माल ढोने वाली गाड़ियों को जाने की इजाजत नहीं मिलेगी। कारों और यात्री बसों के लिए भी स्पीड लिमिट तय की गई है। हाईवे पुलिस ने इसे लेकर नए निर्देश जारी किए हैं।
बिजनेस न्यूज़: मुंबई से पुणे के बीच एक्सप्रेसवे पर सफर करने वालों को अब कुछ नए नियमों का ध्यान रखना होगा। महाराष्ट्र हाईवे पुलिस ने मिसिंग लिंक पर गाड़ियों की आवाजाही को लेकर आदेश जारी किया है। इसके मुताबिक, 1 नवंबर से इस रास्ते पर ट्रक ही नहीं, बल्कि पिकअप वैन और टाटा ऐस जैसी छोटी मालवाहक गाड़ियां भी नहीं जा सकेंगी।
निजी कारों को यहां 100 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से चलने की इजाजत होगी, जबकि यात्री बसें 80 किलोमीटर प्रति घंटे से तेज नहीं चल सकेंगी। पुलिस ने साफ किया है कि अगला आदेश आने तक ये पाबंदियां बनी रहेंगी।
1 नवंबर से मिसिंग लिंक पर क्या बदल जाएगा?
महाराष्ट्र ट्रैफिक पुलिस ने मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे की मिसिंग लिंक पर यातायात व्यवस्था को लेकर 26 अक्टूबर को अधिसूचना जारी की है। अपर पुलिस महानिदेशक (यातायात) प्रवीण सालुंखे की ओर से जारी आदेश में वाहनों की अलग-अलग श्रेणियों के लिए नियम तय किए गए हैं। नई व्यवस्था 1 नवंबर 2026 से प्रभावी होगी। इसके तहत सभी प्रकार के मालवाहक वाहनों को मिसिंग लिंक से गुजरने की अनुमति नहीं मिलेगी। प्रतिबंध अगले आदेश तक जारी रहेगा।
यह पाबंदी पूरे मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे पर नहीं, बल्कि उसके मिसिंग लिंक यानी कनेक्टिंग लिंक वाले हिस्से पर लागू होगी। मालवाहक वाहन पहले की तरह एक्सप्रेसवे के पुराने रास्ते से आवाजाही कर सकेंगे।
ट्रक ही नहीं, छोटी मालवाहक गाड़ियों पर भी रोक
नई गाइडलाइन में बड़े ट्रकों और कंटेनर वाहनों के साथ छोटे मालवाहक वाहनों को भी प्रतिबंधित किया गया है। इनमें पिकअप वैन, टाटा ऐस और दूसरे हल्के कमर्शियल गुड्स वाहन शामिल हैं। इसके अलावा पेट्रोलियम पदार्थ, ज्वलनशील सामग्री, विस्फोटक और अन्य खतरनाक सामान लेकर चलने वाले वाहनों को भी इस रास्ते से गुजरने की अनुमति नहीं होगी।
अधिकारियों के मुताबिक, सुरंगों की बनावट और तकनीकी परिस्थितियों को देखते हुए यह फैसला लिया गया है। सुरंग के भीतर किसी मालवाहक वाहन के खराब होने या दुर्घटनाग्रस्त होने से यातायात प्रभावित हो सकता है। इसी जोखिम को कम करने के लिए माल ढुलाई वाले वाहनों को पुराने एक्सप्रेसवे मार्ग का इस्तेमाल करने का निर्देश दिया गया है।
कार और यात्री बसों को मिलेगी एंट्री
मिसिंग लिंक का इस्तेमाल निजी कार, जीप और अन्य गैर-व्यावसायिक हल्के मोटर वाहन कर सकेंगे। नियमित यात्री बसों और अनुमति प्राप्त दूसरे यात्री वाहनों को भी इस रास्ते से गुजरने की इजाजत होगी। हालांकि, केवल वाहन की श्रेणी के आधार पर अनुमति मिलने से ड्राइवर को सभी नियमों से छूट नहीं मिलेगी। रास्ते पर लगे ट्रैफिक संकेतों और निर्धारित गति सीमा का पालन करना जरूरी होगा। महाराष्ट्र हाईवे पुलिस ने वाहन चालकों को सलाह दी है कि वे सफर शुरू करने से पहले अपने वाहन की श्रेणी जांच लें।
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कितनी होगी कार और बस की स्पीड लिमिट?
नई अधिसूचना के अनुसार, निजी कारों, जीप और अन्य अनुमति प्राप्त हल्के मोटर वाहनों के लिए अधिकतम गति सीमा 100 किलोमीटर प्रति घंटा तय की गई है। वहीं, यात्री बसों और अन्य यात्री वाहनों को अधिकतम 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने की अनुमति होगी। स्पीड की जांच में पांच प्रतिशत तक की तकनीकी छूट का प्रावधान रखा गया है।
मोटर वाहन अधिनियम की धारा 183 के तहत निर्धारित सीमा से पांच प्रतिशत तक अधिक दर्ज गति पर कार्रवाई नहीं होगी। हालांकि, इससे अधिकतम अनुमत स्पीड नहीं बदलती। वाहन चालकों को विशेष रूप से सुरंगों के अंदर सावधानी बरतने और ट्रैफिक संकेतों का पालन करने के निर्देश दिए गए हैं।
पहले से लागू प्रतिबंध अब भी जारी रहेगा
मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे की मिसिंग लिंक को 1 मई 2026 को यातायात के लिए खोला गया था। शुरुआत में छह महीने के लिए मालवाहक वाहनों की आवाजाही पर रोक लगाई गई थी। उस समय तय किया गया था कि शुरुआती अवधि पूरी होने के बाद व्यवस्था की समीक्षा की जाएगी। अब नए आदेश में मालवाहक वाहनों पर लगी रोक जारी रखने का फैसला हुआ है।
करीब 13.3 किलोमीटर लंबा यह नया रास्ता खंडाला घाट के घुमावदार हिस्से का विकल्प उपलब्ध कराता है। इससे मुंबई और पुणे के बीच यात्रा की दूरी लगभग छह किलोमीटर कम हुई है। मिसिंग लिंक पर लंबी सुरंगों और आधुनिक सड़क ढांचे का निर्माण किया गया है, जिससे यात्रियों को पुराने घाट मार्ग की तुलना में अधिक सीधा रास्ता मिलता है।
नियम तोड़ने पर हो सकती है कानूनी कार्रवाई
महाराष्ट्र हाईवे पुलिस ने वाहन चालकों से नई व्यवस्था का पालन करने की अपील की है। प्रतिबंधित वाहन लेकर मिसिंग लिंक में प्रवेश करने या निर्धारित गति सीमा का उल्लंघन करने पर संबंधित यातायात नियमों के तहत कार्रवाई हो सकती है। मालवाहक वाहन चालकों को पहले से अपना रूट तय करने की सलाह दी गई है, ताकि मिसिंग लिंक के प्रवेश मार्ग पर पहुंचने के बाद उन्हें वापस न लौटना पड़े।
मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे से सफर करने वाले यात्री नए नियमों की जानकारी महाराष्ट्र हाईवे पुलिस और संबंधित आधिकारिक यातायात सूचनाओं से प्राप्त कर सकते हैं।









