रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह आज नागपुर स्थित यंत्र इंडिया लिमिटेड में 10,000 टन की अत्याधुनिक एल्युमीनियम एक्सट्रूजन प्रेस का भूमि पूजन करेंगे। इसके स्थापित होने से रक्षा, अंतरिक्ष व विमानन क्षेत्र में इस्तेमाल होने वाली मजबूत एल्युमीनियम मिश्र धातु के पुर्जों का निर्माण देश में ही संभव होगा।
Maharashtra: Rajnath Singh आज नागपुर स्थित Yantra India Limited में 10,000 टन क्षमता वाली अत्याधुनिक एल्युमीनियम एक्सट्रूजन प्रेस का भूमि पूजन करेंगे। इस परियोजना के शुरू होने से रक्षा, अंतरिक्ष और विमानन क्षेत्रों में उपयोग होने वाले उच्च गुणवत्ता वाले एल्युमीनियम मिश्र धातु (एलॉय) के पुर्जों का निर्माण भारत में ही किया जा सकेगा, जिससे आयात पर निर्भरता कम होगी और स्वदेशी रक्षा उत्पादन को बढ़ावा मिलेगा।
एल्युमीनियम एक्सट्रूजन प्रेस एक शक्तिशाली औद्योगिक मशीन होती है, जो अत्यधिक दबाव का उपयोग करके धातु को मनचाहा आकार देती है। इस प्रक्रिया में एल्युमीनियम के टुकड़े को पहले गर्म करके नरम किया जाता है, फिर उस पर हजारों टन का दबाव डालकर एक विशेष सांचे (डाई) से गुजारा जाता है। सांचे से निकलने के बाद धातु उसी निर्धारित आकार में ढल जाती है।
इस तकनीक से हल्के, मजबूत और सटीक पुर्जे तैयार किए जाते हैं, जिनका उपयोग लड़ाकू विमानों, मिसाइलों, रॉकेटों, उपग्रहों, रेल कोचों और अन्य उन्नत इंजीनियरिंग उपकरणों के निर्माण में किया जाता है।
नागपुर में रक्षा विनिर्माण को मिलेगी नई ताकत
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह आज नागपुर स्थित Yantra India Limited में 10,000 टन क्षमता वाली आधुनिक एल्युमीनियम एक्सट्रूजन प्रेस परियोजना का भूमि पूजन करेंगे। इस अत्याधुनिक तकनीक के स्थापित होने से रक्षा, अंतरिक्ष और विमानन क्षेत्रों के लिए उच्च गुणवत्ता वाले एल्युमीनियम मिश्र धातु के बड़े और जटिल पुर्जों का निर्माण देश में ही किया जा सकेगा।
एल्युमीनियम एक्सट्रूजन प्रक्रिया में धातु को गर्म कर नरम किया जाता है और फिर अत्यधिक दबाव के माध्यम से विशेष सांचों से गुजारकर मनचाहा आकार दिया जाता है। इससे हल्के, मजबूत और उच्च सटीकता वाले घटकों का निर्माण संभव होता है।
विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसी तकनीक का उपयोग लड़ाकू विमान, हेलिकॉप्टर, मिसाइल प्रणाली, रेलवे और एयरोस्पेस उपकरणों में व्यापक रूप से किया जाता है। विशेष रूप से Sukhoi Su-30MKI, HAL Tejas तथा Akash missile जैसी रक्षा प्रणालियों के लिए आवश्यक विशेष एल्युमीनियम संरचनाओं का घरेलू उत्पादन बढ़ाने में यह परियोजना महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है। इससे आयात पर निर्भरता कम होने और रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
![]()
नागपुर दुष्कर्म और कथित धर्मांतरण मामले में आरोपी मौलाना ने किया आत्मसमर्पण
नागपुर में वायुसेना अधिकारी की पत्नी से कथित दुष्कर्म और जबरन धर्मांतरण से जुड़े मामले में फरार चल रहे एक मौलाना ने पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया है। पुलिस के अनुसार, आरोपी मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले के तामिया क्षेत्र का निवासी है और उसने नागपुर के सोनेगांव पुलिस थाने में सरेंडर किया।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि आरोपी की तलाश के लिए विशेष टीमें गठित की गई थीं और लगातार दबाव बनाए रखा जा रहा था। जांच एजेंसियों की कार्रवाई के बीच आरोपी ने आत्मसमर्पण का निर्णय लिया।
इस मामले में आरोपी पर एक 24 वर्षीय महिला के कथित जबरन धर्मांतरण और निकाह कराने में भूमिका निभाने के आरोप हैं। पुलिस के मुताबिक, इस प्रकरण के दो अन्य आरोपी पहले से न्यायिक प्रक्रिया के तहत पुलिस हिरासत में हैं। अधिकारियों ने कहा है कि आत्मसमर्पण करने वाले आरोपी को अदालत में पेश कर आगे की पूछताछ के लिए पुलिस रिमांड की मांग की जाएगी। मामले की जांच जारी है और अदालत में आरोप सिद्ध होना अभी बाकी है।
पुणे में स्वयंभू संत और सात सहयोगी गिरफ्तार
पुणे पुलिस ने यौन शोषण और कथित धोखाधड़ी के आरोपों में 59 वर्षीय स्वयंभू संत राधेमोहन मिश्रा और उसके सात सहयोगियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस कार्रवाई के दौरान इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, सोने-चांदी के आभूषण और लाखों रुपये नकद जब्त किए गए हैं। पुलिस के अनुसार, पीड़िता की शिकायत के आधार पर मामला दर्ज किया गया। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि आरोपी ने वर्षों तक आध्यात्मिक और अलौकिक शक्तियों का दावा कर परिवार का विश्वास जीता तथा आर्थिक, मानसिक और भावनात्मक शोषण किया।
गिरफ्तार किए गए सभी आरोपियों के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया जारी है। पुलिस का कहना है कि मामले से जुड़े सभी पहलुओं की विस्तृत जांच की जा रही है और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।











