अयोध्या स्थित राम मंदिर से जुड़े चढ़ावा चोरी विवाद के बीच अब कर्मचारियों के वेतन का मुद्दा भी सामने आ गया है। जानकारी के अनुसार, करीब 1000 कर्मचारियों को जून महीने का वेतन अभी तक नहीं मिल पाया है। बताया जा रहा है कि भुगतान प्रक्रिया में अधिकृत हस्ताक्षरकर्ता (साइनिंग अथॉरिटी) बदलने के कारण वेतन जारी नहीं हो सका, जिससे बड़ी संख्या में कर्मचारी प्रभावित हुए हैं।
सूत्रों के मुताबिक, वेतन जारी करने के लिए बैंकिंग और वित्तीय दस्तावेजों में अधिकृत हस्ताक्षरकर्ता का अपडेट होना आवश्यक था। यह प्रक्रिया समय पर पूरी नहीं होने के कारण वेतन भुगतान रुक गया। कर्मचारियों का कहना है कि महीने भर का वेतन नहीं मिलने से उनके दैनिक खर्च, बच्चों की पढ़ाई, किराया और अन्य घरेलू जरूरतों को पूरा करने में कठिनाई हो रही है।
हाल के दिनों में चढ़ावा चोरी का मामला चर्चा में आने के बाद मंदिर ट्रस्ट के प्रशासनिक कामकाज पर भी लगातार निगाह बनी हुई है। इसी बीच वेतन भुगतान में आई देरी ने कर्मचारियों की चिंता और बढ़ा दी है। हालांकि, वेतन रुकने का कारण प्रशासनिक और बैंकिंग प्रक्रिया बताया जा रहा है, न कि कर्मचारियों के कामकाज से जुड़ा कोई मुद्दा।










