पाकिस्तान और अफगानिस्तान ने ईद के मौके पर 19 मार्च से एक हफ्ते के सीजफायर का एलान किया है। यह कदम सीमा पर बढ़ते तनाव के बीच लिया गया, जिससे अस्थायी शांति और हालात सुधारने की उम्मीद जताई जा रही है।
Pakistan: पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच चल रही हिंसक झड़पों के बीच एक अहम फैसला लिया गया है। दोनों देशों ने ईद-उल-फितर के मौके पर एक हफ्ते के लिए सीजफायर यानी अस्थायी युद्धविराम का एलान किया है। यह विराम गुरुवार आधी रात से शुरू होकर अगले मंगलवार आधी रात तक लागू रहेगा।
ईद के मौके पर लिया गया फैसला
पिछले कई हफ्तों से दोनों देशों के बीच हालात बेहद तनावपूर्ण बने हुए थे। सीमा पर लगातार झड़पें हो रही थीं और कई लोगों की जान जा चुकी थी। ऐसे में ईद-उल-फितर के त्योहार को ध्यान में रखते हुए दोनों देशों ने अस्थायी शांति बनाए रखने का निर्णय लिया। अधिकारियों का कहना है कि यह कदम धार्मिक और मानवीय भावनाओं को ध्यान में रखकर उठाया गया है।
सीजफायर की समय सीमा
पाकिस्तान के सूचना मंत्री अताउल्लाह तारड़ के अनुसार यह सीजफायर 19 मार्च की आधी रात से लागू हुआ है और 24 मार्च की आधी रात तक जारी रहेगा। इस दौरान दोनों देशों की सेनाएं किसी भी तरह की सैन्य कार्रवाई से दूर रहेंगी। हालांकि यह स्पष्ट कर दिया गया है कि यह केवल अस्थायी विराम है और ईद के बाद स्थिति फिर से बदल सकती है।
मध्यस्थ देशों की भूमिका
इस सीजफायर के पीछे सऊदी अरब, कतर और तुर्की जैसे देशों की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। इन देशों ने दोनों पक्षों से अपील की थी कि वे ईद के मौके पर शांति बनाए रखें और हिंसा को रोकें। पाकिस्तान ने इस पहल को स्वीकार करते हुए इसे सद्भावना का कदम बताया है।

पाकिस्तान की चेतावनी
पाकिस्तान ने सीजफायर के साथ ही एक सख्त चेतावनी भी जारी की है। सूचना मंत्री ने कहा कि अगर सीमा पार से कोई हमला, ड्रोन अटैक या देश के भीतर कोई आतंकी घटना होती है, तो पाकिस्तान तुरंत और तेज कार्रवाई करेगा। यह बयान इस बात का संकेत देता है कि हालात अभी भी पूरी तरह सामान्य नहीं हुए हैं और तनाव बना हुआ है।
अफगानिस्तान का समर्थन
पाकिस्तान की घोषणा के कुछ ही समय बाद अफगानिस्तान की तालिबान सरकार ने भी इस सीजफायर का समर्थन किया। तालिबान के एक प्रवक्ता ने कहा कि अफगानिस्तान भी पाकिस्तान के खिलाफ अपने सैन्य अभियानों को अस्थायी रूप से रोक देगा। इस कदम को दोनों देशों के बीच शांति स्थापित करने की दिशा में सकारात्मक माना जा रहा है।
हालिया आरोप और विवाद
हाल ही में अफगानिस्तान ने पाकिस्तान पर गंभीर आरोप लगाए थे। अफगानिस्तान का दावा था कि पाकिस्तानी सेना ने काबुल में एक नशा मुक्ति केंद्र पर हवाई हमला किया, जिसमें सैकड़ों लोगों की मौत हुई। इस आरोप ने दोनों देशों के बीच तनाव को और बढ़ा दिया था।
हालांकि पाकिस्तान ने इन आरोपों को पूरी तरह खारिज कर दिया है। पाकिस्तान का कहना है कि उसकी सेना केवल आतंकवादी ठिकानों और सैन्य लक्ष्यों को ही निशाना बनाती है। इस मुद्दे पर दोनों देशों के बीच मतभेद अभी भी बरकरार हैं।








