8th Pay Commission 2026: जनवरी से बढ़ सकती है पेंशन, करोड़ों पेंशनधारकों को मिलेगी राहत

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देश के करोड़ों केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनधारकों के लिए बड़ी खबर सामने आ रही है। केंद्र सरकार के अगले वेतन आयोग यानी 8वें वेतन आयोग (8th Pay Commission) को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। खासकर पेंशनभोगियों के लिए यह बड़ी राहत लेकर आ सकता है, क्योंकि जनवरी 2026 से पेंशन में बड़ा इजाफा देखने को मिल सकता है।

जनवरी 2026 से लागू हो सकता है नया वेतन आयोग

7वां वेतन आयोग दिसंबर 2025 में समाप्त हो रहा है और इसके बाद नए वेतन ढांचे की उम्मीदें बढ़ गई हैं। माना जा रहा है कि 8वां वेतन आयोग जनवरी 2026 से लागू हो सकता है। हालांकि सरकार की तरफ से अब तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है, लेकिन वित्त और प्रशासनिक हलकों में इस पर मंथन शुरू हो चुका है।

कितनी बढ़ सकती है पेंशन

8th Pay Commission 2026: जनवरी से बढ़ सकती है पेंशन, करोड़ों पेंशनधारकों को मिलेगी राहत

ब्रोकरेज फर्म एम्बिट कैपिटल ने हाल ही में एक रिपोर्ट में दावा किया है कि 8वें वेतन आयोग के लागू होने पर पेंशन में 30 से 34 प्रतिशत तक की वृद्धि हो सकती है। ब्रोकरेज का यह अनुमान पेंशन के मौजूदा ढांचे और संभावित फिटमेंट फैक्टर पर आधारित है।

भारत में फिलहाल करीब 68 लाख केंद्रीय पेंशनभोगी हैं, जो सक्रिय सरकारी कर्मचारियों की संख्या से भी अधिक हैं। ऐसे में इस बढ़ोतरी का सीधा असर लाखों परिवारों पर पड़ेगा।

महंगाई भत्ता और फिटमेंट फैक्टर का प्रभाव

पेंशन का ढांचा मुख्य रूप से दो हिस्सों में बंटा होता है  बेसिक पेंशन और महंगाई भत्ता (DA)। जब नया वेतन आयोग लागू होता है, तो मूल वेतन में बढ़ोतरी के साथ महंगाई भत्ता शून्य कर दिया जाता है, और आगे चलकर नई दर से DA जुड़ता है। यही फॉर्मूला पेंशन पर भी लागू होता है।

8वें वेतन आयोग में फिटमेंट फैक्टर को 3.68 से बढ़ाकर 4.00 तक किए जाने की चर्चा है, जिससे पेंशन में औसतन 30 फीसदी से ज्यादा का इजाफा हो सकता है।

केंद्र सरकार पर बढ़ेगा खर्च

ब्रोकरेज फर्म की रिपोर्ट के अनुसार, 8वें वेतन आयोग के लागू होने से केंद्र सरकार पर लगभग 1.8 लाख करोड़ रुपये का अतिरिक्त भार आएगा। इसमें वेतन और पेंशन दोनों के खर्च शामिल हैं। पिछले अनुभव बताते हैं कि हर वेतन आयोग के लागू होने के बाद सरकार के वेतन और पेंशन बजट में बड़ी बढ़ोतरी होती है।

2016 में 7वां वेतन आयोग लागू होने पर भी सरकार की पेंशन देनदारी एक तिहाई से ज्यादा बढ़ी थी। हालांकि यह 2010 की तुलना में अपेक्षाकृत कम वृद्धि थी।

पिछली बार कितना बढ़ा था वेतन और पेंशन

8th Pay Commission 2026: जनवरी से बढ़ सकती है पेंशन, करोड़ों पेंशनधारकों को मिलेगी राहत

7वें वेतन आयोग के तहत केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए फिटमेंट फैक्टर 2.57 रखा गया था। इसके आधार पर न्यूनतम वेतन 7000 रुपये से बढ़ाकर 18000 रुपये किया गया था। पेंशन में भी उसी अनुपात में वृद्धि की गई थी।

अब उम्मीद की जा रही है कि 8वें वेतन आयोग में यह फिटमेंट फैक्टर 3.68 या उससे ऊपर हो सकता है, जिससे न्यूनतम वेतन 26000 रुपये तक पहुंच सकता है और पेंशन भी उसी अनुपात में बढ़ेगी।

क्या होता है वेतन आयोग

वेतन आयोग केंद्र सरकार द्वारा गठित एक स्वतंत्र संस्था होती है, जिसका उद्देश्य सरकारी कर्मचारियों के वेतन और भत्तों के ढांचे का पुनर्मूल्यांकन करना होता है। इसके अंतर्गत सरकारी कर्मचारियों, अधिकारियों और पेंशनभोगियों की सैलरी, पेंशन, भत्ते, और सेवाओं से जुड़ी सुविधाओं की समीक्षा की जाती है।

अब तक भारत में 7 वेतन आयोग बन चुके हैं और हर आयोग ने अपनी रिपोर्टों के आधार पर वेतन ढांचे में बदलाव और सिफारिशें की हैं।

कौन-कौन होंगे लाभार्थी

8वें वेतन आयोग का सीधा असर केंद्रीय कर्मचारियों, केंद्र सरकार के पेंशनधारकों, अर्धसैनिक बलों और रक्षा कर्मियों पर होगा। इसके अलावा राज्य सरकारें भी अपने कर्मचारियों के लिए केंद्रीय वेतन आयोग की सिफारिशों को आधार बनाकर अपने ढांचे में बदलाव करती हैं। ऐसे में 8वें वेतन आयोग की सिफारिशों का दायरा कहीं अधिक व्यापक होगा।

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