नोएडा और गुरुग्राम में भीषण ठंड और घने कोहरे के कारण नर्सरी से 8वीं तक के स्कूलों की छुट्टियां 17 जनवरी तक बढ़ा दी गई हैं। दिल्ली-एनसीआर में न्यूनतम तापमान 3-4 डिग्री सेल्सियस तक गिर गया। अभिभावकों और छात्रों को सुरक्षित रहने और मौसम अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी गई है।
School Holidays Update: गौतमबुद्ध नगर और गुरुग्राम में नर्सरी से 8वीं तक के स्कूलों की छुट्टियां 17 जनवरी तक बढ़ा दी गई हैं। यह निर्णय बेसिक शिक्षा विभाग ने भीषण ठंड और घने कोहरे को देखते हुए लिया है। 15 और 16 जनवरी को सुबह के समय न्यूनतम तापमान 3-4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया और विजिबिलिटी केवल 20-30 मीटर थी। बच्चों और अभिभावकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह कदम उठाया गया है, जबकि 18 जनवरी से स्कूल खुलने की संभावना है।
भीषण ठंड और कोहरे का असर
गौतमबुद्ध नगर में नर्सरी से 8वीं तक के स्कूलों की छुट्टियां 17 जनवरी तक बढ़ा दी गई हैं। बेसिक शिक्षा विभाग ने शीतलहर और घने कोहरे के चलते यह कदम उठाया है। शिक्षा अधिकारियों के अनुसार, 18 जनवरी से स्कूलों के खुलने की संभावना है, लेकिन मौसम की स्थिति ऐसे बनी रही तो छुट्टियां और बढ़ाई जा सकती हैं।
गुरुग्राम में भी स्कूलों में छुट्टियां घोषित की गई हैं। दिल्ली और एनसीआर के कई क्षेत्रों में न्यूनतम तापमान 3-4 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया गया। सुबह के समय घना कोहरा और कम विजिबिलिटी के कारण बच्चों और पैरेंट्स को परेशानी का सामना करना पड़ा।

आदेश में देरी से उठी मुश्किल
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी राहुल पवार ने 16-17 जनवरी की छुट्टियों का आदेश 15 जनवरी की शाम को नहीं बल्कि 16 जनवरी की सुबह जारी किया। इससे स्कूल आने वाले बच्चों और उनके अभिभावकों को सुबह ठंड में इंतजार करना पड़ा। स्कूलों ने करीब 8 बजे ही सूचना जारी की, जब तक मौसम में सुधार हुआ, तब तक काफी देर हो चुकी थी।
शीतलहर और सुरक्षा का ध्यान
15 और 16 जनवरी को पूरे एनसीआर में सुबह के वक्त घना कोहरा रहा, विजिबिलिटी केवल 20-30 मीटर तक सीमित रही। 11 बजे के बाद हालात थोड़े सामान्य हुए। शिक्षा विभाग का कहना है कि बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए ही छुट्टियों का निर्णय लिया गया है।
भीषण ठंड और कोहरे की वजह से नोएडा और गुरुग्राम के स्कूलों में नर्सरी से 8वीं तक के छात्रों के लिए छुट्टियां 17 जनवरी तक बढ़ाई गई हैं। मौसम सुधारने पर 18 जनवरी से स्कूल खुलने की संभावना है। अभिभावकों और छात्रों को सलाह दी गई है कि वे मौसम अपडेट पर नजर रखें और बच्चे को सुरक्षित रखें।









