तिरुपति में आरटीसी बसों में यात्रियों से चोरी करने वाली तीन महिलाओं को पुलिस ने गिरफ्तार किया। उनके पास से करीब 3.5 लाख रुपये का हीरे का हार बरामद हुआ। आरोपियों को अदालत में पेश कर रिमांड पर भेजा गया।
तिरुपति: आंध्र प्रदेश के तिरुपति जिले में पुलिस ने एक संगठित महिला चोर गिरोह का भंडाफोड़ किया है, जो RTC बसों में यात्रियों से जेवरात चोरी करता था। इस कार्रवाई में तीन महिलाओं को गिरफ्तार किया गया है और उनके कब्जे से कीमती गहने बरामद किए गए हैं। यह गिरोह भीड़भाड़ वाले बस रूटों में खासतौर पर महिला यात्रियों को निशाना बनाता था।
लगातार बढ़ रही चोरी की घटनाओं के बाद पुलिस की कार्रवाई
पिछले कुछ समय से RTC बसों में यात्रियों के साथ चोरी की घटनाओं में वृद्धि हो रही थी। विशेषकर हैंडबैग और पर्स से कीमती सामान चोरी होने की शिकायतें लगातार सामने आ रही थीं। इन घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने पाकला क्षेत्र में विशेष निगरानी टीम का गठन किया और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखना शुरू किया।
शंखमपल्ली फ्लाईओवर के पास हुई गिरफ्तारी
पुलिस की विशेष टीम ने सोमवार को शंखमपल्ली फ्लाईओवर के पास संदिग्ध गतिविधियों के आधार पर तीन महिलाओं को रोका और पूछताछ की। जांच के दौरान उनके पास से चोरी किया गया कीमती सामान बरामद हुआ। इसके बाद तीनों महिलाओं को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार की गई महिलाओं की पहचान जी दिव्या (31), बी राधिका (38) और बी मैरी (33) के रूप में हुई है। ये सभी चित्तूर जिले की रहने वाली हैं और संगठित तरीके से बस यात्रियों को निशाना बनाती थीं।
32 ग्राम का डायमंड नेकलेस बरामद
गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने आरोपियों के पास से एक डायमंड नेकलेस बरामद किया है, जिसका वजन लगभग 32 ग्राम बताया गया है। इसकी अनुमानित कीमत करीब 3.5 लाख रुपये आंकी गई है। यह हार हाल ही में एक बस यात्री से चोरी किया गया था।
पूछताछ में आरोपियों का अपराध स्वीकार
पुलिस अधिकारियों के अनुसार प्रारंभिक पूछताछ में तीनों महिलाओं ने अपने अपराध स्वीकार कर लिए हैं। उन्होंने बताया कि वे भीड़भाड़ का फायदा उठाकर बसों में यात्रियों के बैग से गहने और अन्य कीमती सामान चुराती थीं।
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पुलिस टीम की भूमिका और जांच प्रक्रिया
इस पूरे ऑपरेशन का नेतृत्व पाकला सर्किल इंस्पेक्टर टी. चिन्ना गोविंदु ने किया, जबकि सब-इंस्पेक्टर तारुण और नागा मंजुला की टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। पुलिस ने लगातार निगरानी और खुफिया जानकारी के आधार पर इस गिरोह को ट्रैक किया।
यात्रियों को निशाना बनाने की खास रणनीति
पुलिस जांच में सामने आया कि यह गिरोह खासतौर पर भीड़भाड़ वाले समय में सक्रिय रहता था। बसों में चढ़ने और उतरने के दौरान यह यात्रियों के बैग और पर्स से कीमती सामान चोरी कर लेते थे और भीड़ का फायदा उठाकर फरार हो जाते थे।
न्यायिक कार्रवाई और आगे की जांच
गिरफ्तार तीनों महिलाओं को अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। पुलिस अब यह जांच कर रही है कि क्या इस गिरोह के साथ और लोग भी जुड़े हुए हैं और क्या उन्होंने पहले भी कई वारदातों को अंजाम दिया है।
पुलिस की अपील और सुरक्षा संदेश
पुलिस ने यात्रियों से अपील की है कि वे सार्वजनिक परिवहन में अपने सामान को सुरक्षित रखें और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर सतर्क रहें। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना पुलिस को देने की सलाह भी दी गई है।










