शहर के वार्ड-29 में रहने वाले लोगों की जिंदगी इन दिनों गंभीर सफाई संकट के बीच गुजर रही है। हालात इतने खराब हो चुके हैं कि अब केवल सड़कें और नालियां ही नहीं, बल्कि घरों की दीवारों, बिस्तरों, रसोई और कमरों तक कीड़े पहुंच चुके हैं। लगातार जलभराव, नालियों की सफाई नहीं होने और जगह-जगह फैली गंदगी के कारण पूरे इलाके में बदबू फैल रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि बरसात के मौसम ने समस्या को और भी विकराल बना दिया है।
इलाके के निवासियों का आरोप है कि कई दिनों से नालियों का पानी सड़कों पर बह रहा है। जगह-जगह कीचड़ जमा होने से पैदल चलना मुश्किल हो गया है। बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को घर से बाहर निकलने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई स्थानों पर सड़क और नाली का अंतर ही खत्म हो गया है, जिससे लोगों को हर समय फिसलने और दुर्घटना का डर बना रहता है।
सबसे बड़ी चिंता घरों के अंदर तेजी से बढ़ रहे कीड़ों की है। स्थानीय लोगों के अनुसार रात होते ही दीवारों पर बड़ी संख्या में कीड़े रेंगने लगते हैं। कई परिवारों ने बताया कि बिस्तरों तक कीड़े पहुंच जाते हैं, जिससे बच्चों और बुजुर्गों की नींद तक प्रभावित हो रही है। रसोई में भी कीड़ों की मौजूदगी के कारण भोजन सुरक्षित रखना मुश्किल हो गया है। लोगों का कहना है कि हर दिन सफाई करने के बावजूद स्थिति में कोई सुधार नहीं हो रहा।











