गोरखपुर-सोशल मीडिया पर तेजी से लोकप्रिय होने की चाह एक युवक को भारी पड़ गई। ट्रेन के इंजन में शर्टलेस होकर रील बनाने वाले युवक को रेलवे सुरक्षा एजेंसियों ने गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के दौरान युवक ने बताया कि वह सोशल मीडिया पर अपने फॉलोअर्स बढ़ाना चाहता था और इसी मकसद से उसने यह वीडियो बनाया था।
घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद रेलवे प्रशासन हरकत में आया। वीडियो में युवक ट्रेन के इंजन के अंदर और उसके आसपास खतरनाक तरीके से वीडियो बनाता दिखाई दे रहा था। रेलवे अधिकारियों ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू की।
जांच के बाद युवक की पहचान कर उसे हिरासत में लिया गया। पूछताछ में उसने स्वीकार किया कि अधिक लाइक्स, व्यूज और फॉलोअर्स पाने के लिए उसने यह कदम उठाया था। उसे शायद अंदाजा नहीं था कि उसकी यह हरकत रेलवे सुरक्षा नियमों का गंभीर उल्लंघन मानी जाएगी।
रेलवे अधिकारियों ने कहा कि इंजन, रेलवे ट्रैक और परिचालन क्षेत्रों में अनधिकृत प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित है। ऐसे स्थानों पर वीडियो बनाना न केवल गैरकानूनी है, बल्कि इससे व्यक्ति की जान को भी गंभीर खतरा हो सकता है।
रेलवे के जनसंपर्क विभाग (CPRO) की ओर से युवाओं से अपील की गई है कि सोशल मीडिया पर लोकप्रियता हासिल करने के लिए अपनी और दूसरों की सुरक्षा से खिलवाड़ न करें। अधिकारियों ने कहा कि कुछ सेकंड की रील के लिए जिंदगी को जोखिम में डालना समझदारी नहीं है।
विशेषज्ञों का कहना है कि हाल के वर्षों में सोशल मीडिया पर वायरल होने की होड़ में कई युवा खतरनाक स्टंट और नियमों के उल्लंघन वाली गतिविधियों में शामिल हो रहे हैं। इससे दुर्घटनाओं और कानूनी कार्रवाई की घटनाएं बढ़ी हैं।
रेलवे सुरक्षा बल ने भी लोगों को चेतावनी दी है कि रेलवे परिसरों में बिना अनुमति प्रवेश, ट्रैक पर वीडियो बनाना, चलती ट्रेन के साथ स्टंट करना या इंजन में घुसना दंडनीय अपराध है। ऐसे मामलों में गिरफ्तारी और कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
इस घटना के बाद सोशल मीडिया पर भी बहस छिड़ गई है। कई लोगों ने युवक की हरकत को गैरजिम्मेदाराना बताया, जबकि कुछ ने युवाओं में बढ़ती "वायरल कल्चर" की प्रवृत्ति पर चिंता जताई है।
फिलहाल रेलवे प्रशासन ने इस मामले को उदाहरण बताते हुए लोगों से सुरक्षा नियमों का पालन करने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि थोड़ी सी लापरवाही भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है, इसलिए रेलवे परिसरों में नियमों का सख्ती से पालन किया जाना चाहिए।












