झारखंड के चतरा में पुलिस ने सघन वाहन जांच के दौरान 10 लाख रुपये की अफीम बरामद कर एक तस्कर को गिरफ्तार किया। आरोपी से पूछताछ जारी है और नशा तस्करी नेटवर्क के अन्य लोगों की तलाश की जा रही है।
चतरा: झारखंड के चतरा जिले में नशा तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। एक सघन वाहन जांच अभियान के दौरान पुलिस ने करीब 10 लाख रुपये मूल्य की अफीम बरामद की है और एक तस्कर को गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई ने क्षेत्र में सक्रिय अवैध मादक पदार्थ नेटवर्क पर एक बड़ा झटका दिया है।
यह घटना Chatra जिले के ईटखोरी थाना क्षेत्र में सामने आई, जहां पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर यह कार्रवाई की।
गुप्त सूचना के आधार पर शुरू हुई कार्रवाई
पुलिस को सूचना मिली थी कि एक सफेद कार के जरिए बड़ी मात्रा में अफीम की तस्करी की जा रही है। यह खेप चतरा की ओर से ईटखोरी क्षेत्र की ओर ले जाई जा रही थी।
सूचना की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने तुरंत एक विशेष टीम का गठन किया और इलाके में निगरानी बढ़ा दी।
ईटखोरी-चतरा मार्ग पर सघन वाहन जांच अभियान
पुलिस ने Itkhori और चतरा मुख्य मार्ग पर बक्सा पुल के पास सघन वाहन जांच अभियान शुरू किया।
इस अभियान का नेतृत्व उप पुलिस अधीक्षक अमिता लकड़ा ने किया। टीम ने सभी वाहनों की बारीकी से जांच शुरू की और संदिग्ध वाहनों को रोककर तलाशी ली गई।
संदिग्ध बलेनो कार से अफीम बरामद
जांच के दौरान पुलिस ने एक सफेद बलेनो कार को रोका, जो चतरा की ओर से आ रही थी। जैसे ही पुलिस ने वाहन को रोकने का इशारा किया, चालक ने भागने की कोशिश की, लेकिन पुलिस टीम ने घेराबंदी कर उसे मौके पर ही पकड़ लिया।
तलाशी लेने पर कार के अंदर से करीब 2 किलो 28 ग्राम अर्ध-गीली अफीम जैसी भूरी गाढ़ी सामग्री बरामद हुई। प्रारंभिक जांच में इसे अवैध मादक पदार्थ माना गया है।
जब्त सामग्री की कीमत 10 लाख रुपये आंकी गई
पुलिस के अनुसार, जब्त की गई अफीम की अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत करीब 10 लाख रुपये बताई जा रही है। यह कार्रवाई नशे के अवैध कारोबार पर एक महत्वपूर्ण प्रहार मानी जा रही है।
इसके साथ ही पुलिस ने तस्करी में इस्तेमाल की गई बलेनो कार और एक मोबाइल फोन भी जब्त किया है, जिससे आगे की जांच में मदद मिलने की उम्मीद है।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान
इस मामले में गिरफ्तार आरोपी की पहचान चतरा जिले के सदर थाना क्षेत्र के लिपदा गांव निवासी विकास कुमार के रूप में हुई है। आरोपी से पूछताछ की जा रही है ताकि इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की जानकारी जुटाई जा सके।

पुलिस का मानना है कि यह तस्करी किसी बड़े गिरोह का हिस्सा हो सकती है, जिसके तार अन्य जिलों या राज्यों से जुड़े हो सकते हैं।
एसपी ने बताया अभियान का हिस्सा
Animesh Naithani ने बताया कि यह कार्रवाई “नशा मुक्त चतरा” अभियान के तहत की गई है। उन्होंने कहा कि जिले में मादक पदार्थों की तस्करी पर पूरी तरह रोक लगाने के लिए लगातार सघन अभियान चलाया जा रहा है।
एसपी के अनुसार, पुलिस को पहले से ही इस तरह की गतिविधियों की सूचना मिल रही थी, जिसके आधार पर विशेष रणनीति बनाकर कार्रवाई की गई।
नशा तस्करी के खिलाफ पुलिस की सख्ती
पिछले कुछ समय से चतरा पुलिस नशा तस्करी के खिलाफ लगातार अभियान चला रही है। इसके तहत संवेदनशील मार्गों पर नियमित वाहन जांच, गश्त और गुप्त निगरानी की जा रही है।
पुलिस का कहना है कि मादक पदार्थों की अवैध सप्लाई चेन को तोड़ने के लिए यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।
जांच का दायरा बढ़ा, नेटवर्क की तलाश जारी
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि गिरफ्तार आरोपी इस अफीम को कहां से लेकर आया था और इसे किसे सप्लाई किया जाना था।
इसके लिए आरोपी के मोबाइल फोन और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की जांच की जा रही है। पुलिस को शक है कि इस नेटवर्क में कई और लोग शामिल हो सकते हैं।
स्थानीय स्तर पर नशे के खिलाफ चिंता
इस तरह की घटनाएं स्थानीय प्रशासन और समाज दोनों के लिए चिंता का विषय बनी हुई हैं। नशे के अवैध कारोबार से न केवल कानून व्यवस्था प्रभावित होती है, बल्कि युवा वर्ग भी इसके दुष्प्रभावों का शिकार होता है।
प्रशासन का कहना है कि ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई ही इस समस्या पर नियंत्रण का एकमात्र उपाय है।










