गुरुग्राम में आयोजित NEET-UG री-एग्जाम में 6804 अभ्यर्थी शामिल हुए। परीक्षा को निष्पक्ष और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए 18 केंद्रों पर 380 पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई और विशेष सुरक्षा व्यवस्था लागू की गई।
Gurugram: NEET-UG री-एग्जाम को लेकर गुरुग्राम प्रशासन और पुलिस पूरी तरह सतर्क नजर आए। पेपर लीक विवाद के बाद आयोजित इस परीक्षा को निष्पक्ष, पारदर्शी और सुरक्षित बनाने के लिए व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए गए। परीक्षा केंद्रों के बाहर पुलिस बल की मौजूदगी और विशेष ट्रैफिक प्रबंधन व्यवस्था देखने को मिली।
18 परीक्षा केंद्रों पर हुई परीक्षा
गुरुग्राम में रविवार को NEET-UG री-एग्जाम के लिए कुल 18 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। इन केंद्रों पर 6804 अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी। परीक्षा शुरू होने से पहले सभी केंद्रों पर सुरक्षा जांच और प्रवेश प्रक्रिया को सख्ती से लागू किया गया।
पेपर लीक मामले के बाद यह परीक्षा विशेष निगरानी में आयोजित की गई, ताकि किसी भी प्रकार की अनियमितता की संभावना को पूरी तरह खत्म किया जा सके। अभ्यर्थियों को निर्धारित समय से पहले केंद्रों पर पहुंचने के निर्देश दिए गए थे।
सुरक्षा के लिए 380 पुलिसकर्मी तैनात
परीक्षा के शांतिपूर्ण संचालन के लिए गुरुग्राम पुलिस ने विशेष सुरक्षा योजना तैयार की थी। कुल 380 पुलिसकर्मियों को विभिन्न जिम्मेदारियां सौंपी गईं।
इनमें 200 पुलिसकर्मी परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए तैनात रहे। वहीं 180 पुलिसकर्मियों को यातायात व्यवस्था संभालने की जिम्मेदारी दी गई, ताकि परीक्षार्थियों को केंद्रों तक पहुंचने में किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
हर केंद्र पर रही पुलिस की निगरानी
पुलिस प्रशासन ने प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर एक पुलिस राइडर की भी तैनाती की थी। ये राइडर परीक्षा अवधि के दौरान लगातार पेट्रोलिंग करते रहे और सुरक्षा व्यवस्था पर नजर बनाए रखी।
केंद्रों के आसपास संदिग्ध गतिविधियों की निगरानी के लिए विशेष सतर्कता बरती गई। पुलिस अधिकारियों ने समय-समय पर विभिन्न केंद्रों का निरीक्षण भी किया ताकि सभी व्यवस्थाएं सुचारू रूप से संचालित होती रहें।
ट्रैफिक व्यवस्था पर भी रहा विशेष फोकस
परीक्षा के दौरान शहर में ट्रैफिक जाम की स्थिति न बने, इसके लिए अलग से ट्रैफिक प्रबंधन योजना लागू की गई। प्रमुख मार्गों और परीक्षा केंद्रों के आसपास अतिरिक्त यातायात पुलिस बल तैनात किया गया।
पुलिस ने अभ्यर्थियों और अभिभावकों से अपील की थी कि वे समय से पहले परीक्षा केंद्र पहुंचें और यातायात नियमों का पालन करें। इस व्यवस्था के कारण अधिकांश केंद्रों पर परीक्षार्थियों की आवाजाही सुचारू बनी रही।
निष्पक्ष परीक्षा कराने पर प्रशासन का जोर
पेपर लीक प्रकरण के बाद आयोजित इस री-एग्जाम को लेकर प्रशासन किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरतना चाहता था। यही वजह रही कि सुरक्षा, निगरानी और ट्रैफिक प्रबंधन के लिए अतिरिक्त संसाधन लगाए गए।
अधिकारियों के अनुसार परीक्षा को पूरी तरह निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से संपन्न कराने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए गए। पुलिस और प्रशासनिक टीम पूरे समय सक्रिय रही ताकि अभ्यर्थियों को सुरक्षित और व्यवस्थित परीक्षा वातावरण उपलब्ध कराया जा सके।











