भीलवाड़ा के जहाजपुर-पंडेर क्षेत्र में पुलिस ने अवैध बजरी खनन पर बड़ी कार्रवाई की। डंपर में छिपकर पहुंची टीम ने सुबह 5 बजे दबिश देकर 5 जेसीबी, 3 डंपर और 13 ट्रैक्टर जब्त किए।
Rajasthan: राजस्थान के भीलवाड़ा जिले में अवैध बजरी खनन के खिलाफ पुलिस ने सख्त रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। जहाजपुर और पंडेर थाना क्षेत्र में बहने वाली बनास नदी में लंबे समय से बजरी माफिया खुलेआम खनन कर रहे थे। लगातार मिल रही शिकायतों के बाद जिला विशेष टीम (DST) ने एक विशेष रणनीति तैयार की और सोमवार रात कार्रवाई को अंजाम दिया।
यह कार्रवाई इसलिए भी खास मानी जा रही है क्योंकि इसमें पुलिस ने पूरी गोपनीयता बरती और माफियाओं को भनक तक नहीं लगने दी। इस ऑपरेशन को अंजाम देने के लिए दोनों थाना क्षेत्रों की पुलिस और DST टीम को एक साथ लगाया गया।
डंपर में छिपकर नदी पार
इस पूरे ऑपरेशन की सबसे रोचक और चौंकाने वाली बात पुलिस का तरीका रहा। बजरी माफिया के मुखबिरों से बचने के लिए पुलिस टीम ने डंपर का सहारा लिया। DST टीम के जवान डंपर के पिछले हिस्से में छिपकर बनास नदी के उस पार पहुंचे, जहां अवैध खनन चल रहा था।

वहीं दूसरी ओर स्कॉर्पियो वाहनों में बैकअप टीम को तैयार रखा गया था। पुलिस ने पूरी रात नदी किनारे और रेत के बीच छिपकर गुजारी, ताकि सही समय पर कार्रवाई की जा सके। माफियाओं को इस बात की जरा भी भनक नहीं लगी कि पुलिस इतनी नजदीक मौजूद है।
सुबह 5 बजे एक साथ दबिश
करीब पूरी रात इंतजार करने के बाद पुलिस ने तड़के सुबह करीब 5 बजे एक साथ कार्रवाई शुरू की। अचानक हुई इस दबिश से बजरी माफिया संभल नहीं पाए और भागने का मौका तक नहीं मिला।
इस दौरान पुलिस ने मौके से अवैध खनन में इस्तेमाल हो रही भारी मशीनरी जब्त की। कार्रवाई में कुल 5 जेसीबी मशीनें, 3 डंपर और 13 ट्रैक्टर पकड़े गए। यह पूरा बेड़ा करोड़ों रुपए की कीमत का बताया जा रहा है। पुलिस ने सभी वाहनों को जब्त कर थाने भिजवा दिया।
पुलिस की सख्त चेतावनी
इस बड़ी कार्रवाई के बाद इलाके में बजरी माफियाओं में हड़कंप मच गया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अवैध खनन किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। बनास नदी और आसपास के क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखी जाएगी और दोबारा अवैध गतिविधि पकड़े जाने पर और कड़ी कार्रवाई होगी।
पुलिस की इस कार्रवाई को जिले में अब तक की सबसे बड़ी बजरी विरोधी कार्रवाई माना जा रहा है। इससे न सिर्फ अवैध खनन पर रोक लगेगी, बल्कि माफियाओं को भी कड़ा संदेश गया है कि कानून से बचना अब आसान नहीं होगा।









