देहरादून के डीएवी, डीबीएस, एमकेपी, एसजीआरआर और मालदेवता कॉलेजों में छात्रसंघ चुनाव के लिए आज नामांकन होगा। संभावित प्रत्याशियों ने तैयारियां तेज कर दी हैं। चार प्रमुख कॉलेजों में 29 सितंबर को मतदान होना है।
देहरादून: उत्तराखंड छात्रसंघ चुनाव को लेकर देहरादून के कॉलेजों में गतिविधियां तेज हो गई हैं। गुरुवार को डीएवी पीजी कॉलेज, डीबीएस पीजी कॉलेज, एमकेपी पीजी कॉलेज, एसजीआरआर पीजी कॉलेज और राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय मालदेवता में अलग-अलग पदों के लिए नामांकन दाखिल किए जाएंगे। नामांकन से पहले संभावित प्रत्याशी समर्थकों को जुटाने और प्रचार की तैयारियों में लगे हैं।
देहरादून के पांच कॉलेजों में आज नामांकन
डीएवी पीजी कॉलेज, डीबीएस पीजी कॉलेज, एमकेपी पीजी कॉलेज, एसजीआरआर पीजी कॉलेज और राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय मालदेवता में छात्रसंघ चुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया चल रही है। गुरुवार को विभिन्न पदों के लिए दावेदार अपना नामांकन दाखिल करेंगे।

डीएवी पीजी कॉलेज में बुधवार को 65 नामांकन पत्रों की बिक्री हुई। यहां गुरुवार सुबह 9 बजे से दोपहर 1:30 बजे तक नामांकन प्रक्रिया चलेगी। इसके बाद शुक्रवार को आपत्तियों और नामांकन पत्रों की जांच की जाएगी। नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद अंतिम प्रत्याशियों की सूची जारी की जाएगी।
डीबीएस और एमकेपी कॉलेज में भी नामांकन
डीबीएस पीजी कॉलेज में बुधवार तक 81 नामांकन पत्र बिक चुके हैं। यहां गुरुवार सुबह 10 बजे से दोपहर 1:30 बजे तक नामांकन दाखिल किए जाएंगे।
एमकेपी पीजी कॉलेज में नामांकन प्रक्रिया बुधवार से शुरू हो चुकी है और गुरुवार को भी जारी रहेगी। वहीं, एसजीआरआर पीजी कॉलेज और राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय मालदेवता में भी गुरुवार को नामांकन होगा। मालदेवता कॉलेज में बुधवार को नामांकन पत्रों की बिक्री हुई, जिसमें 36 नामांकन पत्र बिके।
नामांकन के बाद प्रचार होगा तेज
नामांकन प्रक्रिया पूरी होने के बाद छात्र प्रत्याशी अपने पक्ष में प्रचार अभियान तेज करेंगे। प्रत्याशी छात्रों से संपर्क कर समर्थन जुटाने की कोशिश करेंगे। नामांकन पत्रों की जांच और नाम वापसी के बाद चुनाव मैदान में बचे प्रत्याशियों की स्थिति स्पष्ट होगी, जिसके बाद अलग-अलग कॉलेजों में मुकाबले की तस्वीर सामने आएगी।
चार प्रमुख कॉलेजों में छात्रसंघ चुनाव के लिए 29 सितंबर को मतदान होना है। मतदान से पहले कॉलेज परिसरों में छात्र संगठनों और प्रत्याशियों की गतिविधियां और तेज होने की संभावना है।











