देश के कई राज्यों में लगातार हो रही भारी बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। असम में बाढ़ की स्थिति गंभीर बनी हुई है, जिसके चलते हजारों लोगों को सुरक्षित स्थानों की ओर पलायन करना पड़ा है।
नई दिल्ली: भारत में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने देश के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं की चेतावनी जारी की है। बंगाल की खाड़ी के उत्तर-पश्चिमी हिस्से में बने गहरे दबाव (Deep Depression) के प्रभाव से अगले कुछ घंटों में पूर्वी, मध्य, पश्चिमी और उत्तरी भारत के कई राज्यों में मौसम तेजी से बदल सकता है।
मौसम विभाग के अनुसार, कुछ क्षेत्रों में 50 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने और मूसलाधार बारिश होने की संभावना है। सक्रिय मानसूनी प्रणाली के कारण ओडिशा, छत्तीसगढ़ और पश्चिम बंगाल के कुछ हिस्सों में अत्यधिक बारिश का जोखिम बना हुआ है।
22 राज्यों में बारिश और आंधी-तूफान की संभावना
IMD के पूर्वानुमान के अनुसार, 28 जुलाई से 2 अगस्त के बीच हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश, राजस्थान, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, बिहार, झारखंड, ओडिशा, पश्चिम बंगाल, गुजरात, महाराष्ट्र तथा पूर्वोत्तर भारत के कई राज्यों में अलग-अलग दिनों में भारी या बहुत भारी बारिश हो सकती है।
कई इलाकों में गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज झोंकों के साथ बारिश की संभावना है। हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड जैसे पर्वतीय राज्यों में लगातार वर्षा के कारण भूस्खलन, अचानक बाढ़ और नदियों-नालों का जलस्तर बढ़ने का खतरा भी बना हुआ है। हिमाचल प्रदेश में 28 जुलाई से 1 अगस्त तक तेज बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान है।
उत्तराखंड, ओडिशा, झारखंड और छत्तीसगढ़ में फ्लैश फ्लड का खतरा
मौसम विभाग ने उत्तराखंड, ओडिशा, झारखंड और छत्तीसगढ़ के कुछ जिलों में अगले 24 घंटों के दौरान अचानक बाढ़ का जोखिम जताया है। स्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन एजेंसियों को सतर्क रहने तथा संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी बढ़ाने की सलाह दी गई है। पहाड़ी क्षेत्रों में भारी बारिश के दौरान भूस्खलन, सड़क अवरोध और नदी किनारे बसे इलाकों में जलभराव की स्थिति बन सकती है। लोगों से नदी-नालों के पास जाने से बचने और स्थानीय प्रशासन द्वारा जारी चेतावनियों का पालन करने की अपील की गई है।
IMD ने समुद्री क्षेत्रों के लिए भी विशेष चेतावनी जारी की है। मछुआरों को 29 जुलाई की सुबह तक उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी तथा ओडिशा, पश्चिम बंगाल और उत्तरी आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों के पास समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है। इन क्षेत्रों में समुद्र की स्थिति खराब रहने और 50 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की आशंका है। मौसम विभाग ने पहले से समुद्र में मौजूद मछुआरों को सुरक्षित तटों पर लौटने और तटीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करने को कहा है।

दिल्ली में 28 से 30 जुलाई तक बारिश के आसार
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में 28 जुलाई को आसमान में बादल छाए रहने की संभावना है। सुबह से दोपहर के बीच कुछ स्थानों पर हल्की बारिश या बूंदाबांदी हो सकती है। अधिकतम तापमान लगभग 34 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। 29 जुलाई को भी बादल बने रह सकते हैं और कुछ इलाकों में बारिश हो सकती है। 30 जुलाई को हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई गई है। दिल्ली, हरियाणा और आसपास के क्षेत्रों में 28 से 31 जुलाई के बीच सक्रिय मानसूनी परिस्थितियां रहने का अनुमान है।
उत्तर प्रदेश में भारी बारिश का अलर्ट
उत्तर प्रदेश के कई जिलों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। मेरठ, शामली, बागपत, बिजनौर, आगरा, मथुरा, रामपुर, बरेली, अलीगढ़, झांसी, ललितपुर, जालौन, हमीरपुर, महोबा, बांदा, चित्रकूट, कौशांबी, प्रयागराज, मिर्जापुर और सोनभद्र सहित कई क्षेत्रों में मौसम बदल सकता है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 28 और 29 जुलाई को भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना है।
इसके बाद 30 जुलाई तथा 1 और 2 अगस्त को भी कई इलाकों में तेज बारिश जारी रह सकती है। पूर्वी उत्तर प्रदेश में 28-29 जुलाई और 2 अगस्त को भारी बारिश तथा 30-31 जुलाई के दौरान व्यापक वर्षा का अनुमान है।
बिहार में 30 जुलाई तक तेज बारिश के आसार
बिहार में पटना, गया, मुजफ्फरपुर, दरभंगा, पूर्णिया, भागलपुर, कटिहार, सहरसा, मधुबनी, समस्तीपुर और बेगूसराय सहित कई जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। 28 और 29 जुलाई को कुछ स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। 30 जुलाई से 2 अगस्त के बीच राज्य के अधिकांश हिस्सों में व्यापक वर्षा का अनुमान है। निचले इलाकों में जलभराव और स्थानीय नदियों के जलस्तर में वृद्धि की संभावना को देखते हुए प्रशासन सतर्क है।
राजस्थान में मूसलाधार बारिश की चेतावनी
राजस्थान के जयपुर, कोटा, उदयपुर, अजमेर, भरतपुर, अलवर, बूंदी, झालावाड़, सिरोही और बांसवाड़ा समेत कई जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। 28 जुलाई से 2 अगस्त तक पूर्वी राजस्थान में व्यापक बारिश हो सकती है। 28-29 जुलाई और 1-2 अगस्त को कुछ क्षेत्रों में बहुत भारी वर्षा की संभावना है। पश्चिमी राजस्थान में भी 30 जुलाई से 2 अगस्त के बीच तेज बारिश और आंधी-तूफान का दौर देखने को मिल सकता है।











