उत्तर प्रदेश के महत्वाकांक्षी नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से जुड़ी एक खास पहल के तहत जमीन देने वाले 170 किसान पहली फ्लाइट से लखनऊ पहुंचेंगे। यहां उनकी मुलाकात उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से होगी। इस कार्यक्रम को राज्य सरकार और एयरपोर्ट परियोजना से जुड़े लोगों के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर माना जा रहा है।
ये सभी किसान उन गांवों से आते हैं, जिन्होंने जेवर एयरपोर्ट परियोजना के लिए अपनी जमीन दी थी। सरकार का उद्देश्य किसानों से सीधे संवाद करना, उनकी भूमिका का सम्मान करना और परियोजना के अनुभवों को साझा करना है। किसानों को पहली बार एयर यात्रा का अनुभव भी मिलेगा, जिसे लेकर उनमें काफी उत्साह है।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री किसानों से एयरपोर्ट परियोजना, क्षेत्र के विकास और भविष्य की योजनाओं पर चर्चा कर सकते हैं। माना जा रहा है कि किसानों को यह बताया जाएगा कि एयरपोर्ट बनने से क्षेत्र में रोजगार, निवेश और बुनियादी ढांचे के विकास के क्या अवसर पैदा होंगे।
लखनऊ पहुंचने पर किसानों का स्वागत किया जाएगा। इसके बाद वे मुख्यमंत्री आवास या निर्धारित स्थल पर आयोजित संवाद कार्यक्रम में शामिल होंगे। कई किसानों ने कहा कि वे पहली बार हवाई यात्रा करेंगे और इसे अपने जीवन का यादगार पल मान रहे हैं।
जेवर एयरपोर्ट परियोजना को उत्तर भारत की सबसे बड़ी आधारभूत संरचना परियोजनाओं में से एक माना जाता है। इसके चालू होने के बाद पश्चिमी उत्तर प्रदेश में औद्योगिक विकास, पर्यटन और रोजगार के नए अवसर खुलने की उम्मीद है।
फिलहाल सभी की नजर इस संवाद कार्यक्रम पर टिकी है। माना जा रहा है कि मुख्यमंत्री किसानों के सुझाव भी सुनेंगे और एयरपोर्ट परियोजना से जुड़े भविष्य के विकास कार्यों की रूपरेखा साझा करेंगे। यह कार्यक्रम सरकार और किसानों के बीच संवाद को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।








