बिहार की राजनीति में शनिवार (27 जून) को उस समय हलचल बढ़ गई जब पूर्व केंद्रीय मंत्री और जनता दल (यूनाइटेड) के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष Ramchandra Prasad Singh अपने समर्थकों के साथ सुबह-सुबह बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री से मुलाकात करने पहुंचे।
पटना: बिहार की राजनीति में एक बार फिर बड़ा राजनीतिक घटनाक्रम सामने आया है। पूर्व केंद्रीय मंत्री और जनता दल (यूनाइटेड) के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष रामचंद्र प्रसाद सिंह (RCP Singh) ने शनिवार (27 जून) को अपने समर्थकों के साथ पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात की। इस मुलाकात के बाद राज्य की राजनीतिक हलचल तेज हो गई है और JDU में उनकी संभावित वापसी की चर्चाएं फिर से शुरू हो गई हैं।
हालांकि, इस मुलाकात को लेकर उनके समर्थकों और पार्टी के अंदरूनी हलकों से अलग-अलग दावे सामने आए, जिससे मामला और अधिक राजनीतिक रूप से संवेदनशील बन गया है।
RCP Singh का दावा: “नीतीश कुमार से आत्मीय मुलाकात हुई”
RCP Singh ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर पुष्टि की कि उनकी मुलाकात नीतीश कुमार से हुई और दोनों के बीच बातचीत भी हुई। उन्होंने लिखा कि मुलाकात “आत्मीय और सकारात्मक” रही। उन्होंने इस मुलाकात की एक तस्वीर भी साझा की, जिसमें दोनों नेताओं की उपस्थिति देखी जा सकती है। इस पोस्ट के बाद बिहार की राजनीति में यह चर्चा तेज हो गई कि क्या यह मुलाकात JDU में उनकी वापसी की दिशा में पहला कदम है।
इस पूरे घटनाक्रम से पहले RCP Singh के समर्थकों ने दावा किया था कि जब वह पटना के 7 सर्कुलर रोड स्थित मुख्यमंत्री आवास पहुंचे, तो कुछ लोगों ने उनकी नीतीश कुमार से मुलाकात नहीं होने दी। समर्थकों ने आरोप लगाया कि पार्टी के कुछ नेताओं, जिनमें संजय गांधी और ललन सर्राफ का नाम लिया गया, ने इस मुलाकात को रोकने की कोशिश की। समर्थकों का कहना था कि ये लोग नहीं चाहते कि RCP Singh की JDU में वापसी हो। हालांकि, RCP Singh की सोशल मीडिया पोस्ट के बाद इन दावों पर सवाल भी उठने लगे हैं।
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JDU वापसी की अटकलें क्यों तेज हुईं?
पिछले कुछ महीनों से यह चर्चा लगातार बनी हुई है कि RCP Singh दोबारा JDU में शामिल हो सकते हैं। इसके पीछे कुछ हालिया राजनीतिक घटनाएं भी वजह बनी हैं। जनवरी 2026 में पटना में आयोजित एक कार्यक्रम में नीतीश कुमार और RCP Singh दोनों मौजूद थे. उस दौरान दोनों के बीच सीधी बातचीत नहीं हुई थी. बाद में RCP Singh ने नीतीश कुमार को अपना “अभिभावक” बताया था. उन्होंने नीतीश कुमार के नेतृत्व की सार्वजनिक रूप से सराहना भी की थी. इन घटनाओं के बाद से ही राजनीतिक गलियारों में उनके पुनः JDU से जुड़ने की अटकलें तेज हो गई थीं।
JDU में कभी थे ‘नंबर 2’ नेता
RCP Singh कभी जनता दल (यूनाइटेड) के सबसे प्रभावशाली नेताओं में गिने जाते थे। उन्हें पार्टी में नीतीश कुमार के बेहद करीबी और संगठनात्मक ढांचे में “नंबर 2” माना जाता था। उनकी राजनीतिक यात्रा में शामिल प्रमुख भूमिकाएं—
- JDU के राष्ट्रीय अध्यक्ष
- पार्टी के संगठन महासचिव
- राज्यसभा सांसद
- केंद्र सरकार में मंत्री (JDU कोटे से)
हालांकि, अगस्त 2022 में उन्होंने पार्टी से इस्तीफा दे दिया था। उस समय उन पर भ्रष्टाचार के आरोप लगे थे, जिसके बाद JDU ने उन्हें कारण बताओ नोटिस भी जारी किया था।








