चंडीगढ़ के विद्या पथ पर रीकार्पेटिंग के चलते 16 से 25 सितंबर तक अलग-अलग चरणों में यातायात प्रभावित रहेगा। वाहन चालकों से जाम से बचने के लिए वैकल्पिक मार्ग अपनाने और अतिरिक्त समय लेकर चलने की अपील की गई है।
चंडीगढ़: विद्या पथ यानी वी-3 रोड पर रीकार्पेटिंग का काम शुरू होने से 25 सितंबर तक अलग-अलग चरणों में यातायात प्रभावित रहेगा। पहले चरण में सेक्टर-41 की ओर जाने वाली सड़क 16 सितंबर तक पूरी तरह बंद रहेगी। इसके बाद 17 से 25 सितंबर तक सेक्टर-54 और सेक्टर-55 की ओर सड़क के एक हिस्से पर काम होगा। ट्रैफिक पुलिस ने वाहन चालकों को वैकल्पिक मार्ग अपनाने की सलाह दी है।
16 सितंबर तक सेक्टर-41 की ओर जाने वाला रास्ता बंद
चंडीगढ़ के विद्या पथ पर सड़क को बेहतर बनाने के लिए रीकार्पेटिंग का काम शुरू किया गया है। निर्माण कार्य के चलते यातायात को चरणबद्ध तरीके से नियंत्रित किया जाएगा। पहले चरण में सेक्टर-41 की ओर जाने वाली सड़क पर 16 सितंबर तक काम किया जाएगा।
इस अवधि में संबंधित दिशा का रास्ता पूरी तरह बंद रहेगा। इस मार्ग से आने-जाने वाले वाहन चालकों को निर्धारित अवधि में वैकल्पिक रास्तों का इस्तेमाल करना होगा।
17 से 25 सितंबर तक एक हिस्से में चलेगा काम
रीकार्पेटिंग का दूसरा चरण 17 सितंबर से 25 सितंबर तक चलेगा। इस दौरान सेक्टर-54 और सेक्टर-55 की ओर जाने वाली सड़क पर काम किया जाएगा।
दूसरे चरण में पूरी सड़क को बंद नहीं किया जाएगा। निर्माण कार्य के लिए सड़क के एक हिस्से को बंद रखा जाएगा, जबकि दूसरे हिस्से से वाहनों की आवाजाही जारी रहेगी। ऐसे में यातायात पूरी तरह बंद नहीं होगा, लेकिन वाहन चालकों को धीमी गति और सावधानी के साथ वाहन चलाना होगा।
पीक आवर्स में बढ़ सकता है ट्रैफिक दबाव
सड़क का एक हिस्सा बंद रहने से पीक आवर्स के दौरान आसपास के मार्गों पर यातायात का दबाव बढ़ने की संभावना है। कार्यालय और स्कूल जाने वाले समय में वाहन चालकों को अतिरिक्त समय लेकर घर से निकलने की सलाह दी गई है।
ट्रैफिक पुलिस ने लोगों से निर्माण कार्य वाले मार्ग पर अनावश्यक रूप से जाने से बचने और संभव होने पर पहले से वैकल्पिक मार्ग तय करने की अपील की है।
बैरिकेडिंग के पास सावधानी से चलें
निर्माण स्थल के आसपास बैरिकेडिंग की गई है और कर्मचारी काम में लगे रहेंगे। वाहन चालकों से तेज गति से वाहन चलाने और ओवरटेकिंग से बचने को कहा गया है। रीकार्पेटिंग का काम पूरा होने के बाद सड़क की सतह बेहतर होने से इस मार्ग पर यातायात व्यवस्था में राहत मिलने की उम्मीद है।











