दीपिंदर गोयल ने लोगों को दी खरीदने से पहले इंतजार की सलाह, बदल सकती है 14 दिन की रिटर्न पॉलिसी

दीपिंदर गोयल ने Temple Wearable खरीदने से पहले इंतजार करने की सलाह दी है। जानें हार्ट रेट स्टडी, 85 हजार रुपये की कीमत और 14 दिन की रिटर्न पॉलिसी का अपडेट।

जोमैटो के संस्थापक दीपिंदर गोयल ने अपने Temple Wearable को लेकर लोगों को खरीदारी में जल्दबाजी नहीं करने की सलाह दी है। उन्होंने हार्ट रेट की सटीकता पर नई स्टडी शेयर की है। साथ ही भारत में मौजूदा 14 दिन की रिटर्न पॉलिसी बदलने के संकेत भी दिए हैं।

Temple Wearable: जोमैटो के संस्थापक दीपिंदर गोयल का नया वियरेबल डिवाइस Temple इन दिनों चर्चा में है। कंपनी का दावा है कि यह डिवाइस हार्ट रेट मापने के मामले में कई बड़े ब्रांड के फिटनेस ट्रैकर्स से बेहतर काम करता है। हालांकि, गोयल ने खुद लोगों को सलाह दी है कि अगर उन्हें इसके प्रदर्शन पर संदेह है, तो खरीदने से पहले स्वतंत्र जांच के नतीजों का इंतजार करें। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक स्टडी शेयर करते हुए डिवाइस की रिटर्न पॉलिसी बदलने की संभावना भी जताई है।

दीपिंदर गोयल ने क्यों दी खरीदारी से पहले इंतजार की सलाह?

दीपिंदर गोयल ने 2 नवंबर को X पर Temple की हार्ट रेट ट्रैकिंग से जुड़ी स्टडी दोबारा शेयर की। उन्होंने बताया कि पिछली बार जानकारी देते समय कुछ बातें ठीक से समझाई नहीं गई थीं। इसलिए इस बार उन्होंने टेस्टिंग के तरीके और उसके नतीजों को विस्तार से सामने रखा है।

गोयल के मुताबिक, कंपनी की अपनी जांच में Temple ने कई जाने-माने फिटनेस डिवाइस से बेहतर प्रदर्शन किया है। हालांकि, उन्होंने यह भी माना कि किसी कंपनी की अपनी स्टडी के आधार पर ही उसके प्रोडक्ट को सबसे बेहतर नहीं माना जा सकता।

यही वजह है कि उन्होंने डिवाइस की क्षमता पर सवाल उठाने वाले लोगों से फिलहाल इंतजार करने को कहा है। गोयल के अनुसार, स्वतंत्र शोधकर्ताओं की ओर से भी इसकी जांच की जा रही है।

वहीं, बेहतर ट्रेनिंग परफॉर्मेंस के लिए नया डिवाइस तलाश रहे खिलाड़ियों को उन्होंने कंपनी से संपर्क करके ज्यादा जानकारी लेने का सुझाव दिया है।

Apple Watch समेत पांच बड़े डिवाइस से हुई तुलना

Temple की स्टडी में हार्ट रेट मापने की क्षमता की तुलना पांच प्रमुख वियरेबल डिवाइस से की गई। इनमें Apple Watch Series 12, Fitbit Air, WHOOP MG, Garmin Forerunner 970 और Oura Ring 5 शामिल थे।

इसके अलावा दो Polar H10 चेस्ट स्ट्रैप का भी इस्तेमाल किया गया। इनमें से एक को शरीर पर टेप की मदद से लगाया गया था, ताकि एक्सरसाइज के दौरान उसकी पकड़ बनी रहे और हार्ट रेट की रीडिंग में रुकावट कम हो।

 दीपिंदर गोयल ने लोगों को दी खरीदने से पहले इंतजार की सलाह, बदल सकती है 14 दिन की रिटर्न पॉलिसी

स्टडी में 43 लोगों को शामिल किया गया था। टेस्टिंग के दौरान उनकी हार्ट रेट अलग-अलग स्तर की एक्सरसाइज में रिकॉर्ड की गई।

कंपनी की रिपोर्ट के अनुसार, Temple की औसत हार्ट रेट मापने की गलती 1.18 बीट प्रति मिनट रही। वहीं, Apple Watch Series 12 के लिए यह आंकड़ा 1.94 बीट प्रति मिनट दर्ज किया गया।

हालांकि, ये आंकड़े कंपनी की अपनी जांच के हैं। स्वतंत्र परीक्षण पूरा होने के बाद ही इसके प्रदर्शन पर ज्यादा भरोसेमंद निष्कर्ष निकाला जा सकेगा।

तेज वर्कआउट के दौरान बेहतर रीडिंग का दावा

गोयल ने खासतौर पर हार्ट रेट के जोन 4 और 5 का जिक्र किया है। ये ऐसे स्तर हैं, जब कोई व्यक्ति काफी तेज एक्सरसाइज कर रहा होता है और उसकी धड़कन सामान्य से ज्यादा बढ़ जाती है।

कंपनी का कहना है कि इन दोनों जोन में Temple ने सामान्य तरीके से पहने गए Polar H10 चेस्ट स्ट्रैप की तुलना में ज्यादा सटीक रीडिंग दर्ज की।

यह बात उन खिलाड़ियों के लिए अहम हो सकती है, जो अपनी ट्रेनिंग के दौरान हार्ट रेट के आंकड़ों पर नजर रखते हैं।

लेकिन अभी यह साफ नहीं है कि अलग-अलग मौसम, आउटडोर रनिंग और दूसरी शारीरिक गतिविधियों में भी डिवाइस ऐसा ही प्रदर्शन करेगा या नहीं। इसके लिए आगे की टेस्टिंग जरूरी है।

भारत में बदल सकती है Temple की रिटर्न पॉलिसी

हार्ट रेट स्टडी के अलावा दीपिंदर गोयल ने Temple की रिटर्न पॉलिसी को लेकर भी चर्चा की है।

फिलहाल कंपनी भारत में ग्राहकों को 14 दिन की नो-क्वेश्चन रिटर्न सुविधा देने की बात कह रही है। इसका मतलब है कि तय शर्तों के तहत ग्राहक बिना कारण बताए डिवाइस वापस कर सकते हैं।

गोयल ने संकेत दिया है कि वह Apple के ग्लोबल स्टैंडर्ड्स जैसा तरीका अपनाने पर विचार कर रहे हैं। इसके तहत भारत में मौजूदा 14 दिन वाली सुविधा बंद की जा सकती है।

हालांकि, उन्होंने अभी कोई अंतिम फैसला नहीं लिया है। इसलिए फिलहाल रिटर्न पॉलिसी बदले जाने की बात को केवल एक संभावना के तौर पर ही देखा जाना चाहिए।

Temple Wearable की कीमत कितनी है?

Temple एक ऐसा वियरेबल डिवाइस है, जिसे कलाई के बजाय सिर के किनारे कनपटी के पास पहना जाता है। कंपनी ने इसे खासतौर पर शरीर से जुड़े आंकड़ों और ट्रेनिंग परफॉर्मेंस की निगरानी के लिए तैयार किया है।

भारत में इसकी कीमत 85,000 रुपये रखी गई है और प्री-ऑर्डर शुरू हो चुके हैं। कंपनी के मुताबिक, डिवाइस ऑर्डर मिलने के बाद तैयार किया जाएगा और शुरुआती डिलीवरी में करीब तीन महीने तक लग सकते हैं।

Leave a comment