यूपी में झुलसाने वाली गर्मी: पहली बार पारा 44°C पार, चिड़ियाघरों में जानवरों को ठंडक देने के खास इंतजाम

यूपी में इस सीजन पहली बार तापमान 44°C पार पहुंचा। चिड़ियाघरों में शेर, हिरन पर फुहारें डाली जा रही हैं, गैंडे के लिए कीचड़ तालाब बनाया गया है।
यूपी में झुलसाने वाली गर्मी: पहली बार पारा 44°C पार, चिड़ियाघरों में जानवरों को ठंडक देने के खास इंतजाम
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वाराणसी-उत्तर प्रदेश में इस बार गर्मी ने अपने तेवर जल्दी ही दिखाने शुरू कर दिए हैं। सीजन में पहली बार तापमान 44 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया है, जिससे जनजीवन के साथ-साथ वन्यजीव भी बुरी तरह प्रभावित हो रहे हैं। भीषण गर्मी और लू के थपेड़ों से बचाने के लिए चिड़ियाघरों में जानवरों के लिए विशेष इंतजाम किए जा रहे हैं।

राज्य के विभिन्न शहरों में तापमान तेजी से बढ़ रहा है और दोपहर के समय हालात बेहद कठिन हो जा रहे हैं। सड़कों पर कम ही लोग नजर आ रहे हैं, जबकि अस्पतालों में हीट स्ट्रोक और डिहाइड्रेशन के मरीजों की संख्या बढ़ने लगी है। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में भी गर्मी के और बढ़ने की संभावना जताई है।

इस भीषण गर्मी का असर चिड़ियाघरों में रहने वाले जानवरों पर भी साफ तौर पर देखा जा रहा है। ऐसे में प्रशासन और जू प्रबंधन ने जानवरों को ठंडक पहुंचाने के लिए कई खास उपाय किए हैं। शेर और हिरन जैसे जानवरों पर नियमित रूप से पानी की फुहारें डाली जा रही हैं, ताकि उनके शरीर का तापमान नियंत्रित रहे।

इसके अलावा, गैंडे जैसे बड़े जानवरों के लिए कीचड़ के तालाब बनाए गए हैं, जहां वे लेटकर अपने शरीर को ठंडा रख सकें। यह प्राकृतिक तरीका उनके लिए बेहद कारगर माना जाता है, क्योंकि कीचड़ लंबे समय तक ठंडक बनाए रखता है और त्वचा को भी सुरक्षित रखता है।

चिड़ियाघर प्रशासन ने जानवरों के खानपान में भी बदलाव किया है। उन्हें ज्यादा पानी वाले फल और ठंडी तासीर वाले खाद्य पदार्थ दिए जा रहे हैं, ताकि उनके शरीर में पानी की कमी न हो। साथ ही, उनके बाड़ों में छाया और कूलिंग सिस्टम की भी व्यवस्था की गई है।

विशेषज्ञों का कहना है कि अत्यधिक गर्मी जानवरों के लिए खतरनाक साबित हो सकती है, क्योंकि वे इंसानों की तरह खुद को आसानी से ठंडा नहीं कर पाते। ऐसे में उनकी देखभाल और विशेष निगरानी बेहद जरूरी हो जाती है।

गर्मी से बचाव के लिए आम लोगों को भी सावधानी बरतने की सलाह दी जा रही है। डॉक्टरों का कहना है कि दोपहर के समय घर से बाहर निकलने से बचें, पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं और हल्के कपड़े पहनें।

कुल मिलाकर, यूपी में बढ़ती गर्मी ने सभी को प्रभावित किया है—चाहे वह इंसान हों या जानवर। ऐसे में प्रशासन और आम लोगों दोनों को सतर्क रहने की जरूरत है, ताकि इस भीषण गर्मी से होने वाले नुकसान को कम किया जा सके।

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