भारतीय क्रिकेटर वैभव सूर्यवंशी इस साल CBSE 10वीं बोर्ड एग्जाम नहीं देंगे। आईपीएल 2026 की तैयारी और राजस्थान रॉयल्स के ट्रेनिंग कैंप में हिस्सा लेने के कारण उन्होंने परीक्षा से दूरी बनाने का फैसला किया है। वह समस्तीपुर, बिहार के डॉ मुक्तेश्वर सिन्हा मॉडेस्टी स्कूल के छात्र हैं, जहां उनकी ट्यूशन फीस 2,300 रुपये प्रति माह है।
Vaibhav Suryavanshi CBSE Board Exam: भारतीय क्रिकेटर वैभव सूर्यवंशी इस साल CBSE 10वीं बोर्ड परीक्षा नहीं देंगे। समस्तीपुर, बिहार के डॉ मुक्तेश्वर सिन्हा मॉडेस्टी स्कूल के छात्र वैभव इस फैसले के पीछे आईपीएल 2026 के राजस्थान रॉयल्स ट्रेनिंग कैंप में शामिल होना और अपने क्रिकेट करियर को प्राथमिकता देना बता रहे हैं। बोर्ड परीक्षा 17 फरवरी से शुरू हो रही है, लेकिन वैभव की तैयारी और टूर्नामेंट में शामिल होने के कारण वह इस साल परीक्षा में हिस्सा नहीं लेंगे।
वैभव सूर्यवंशी 10वीं बोर्ड एग्जाम नहीं देंगे
भारतीय क्रिकेटर वैभव सूर्यवंशी ने इस साल CBSE 10वीं बोर्ड परीक्षा से दूरी बनाने का फैसला किया है। आईपीएल 2026 के नए सीजन के कारण वैभव अभी राजस्थान रॉयल्स के ट्रेनिंग कैंप में शामिल हैं, जो 21 फरवरी तक चलेगा। इसके चलते उन्होंने बोर्ड परीक्षा से इस साल छुट्टी लेने का निर्णय लिया है।

वैभव सूर्यवंशी किस स्कूल के स्टूडेंट हैं
वैभव सूर्यवंशी समस्तीपुर, बिहार स्थित डॉ मुक्तेश्वर सिन्हा मॉडेस्टी स्कूल के छात्र हैं। यह स्कूल CBSE से संबद्ध है और यहां 700 से अधिक स्टूडेंट पढ़ते हैं। स्कूल का ढांचा और पढ़ाई का माहौल छात्रों को खेल और शिक्षा दोनों में बैलेंस बनाए रखने में मदद करता है।
इस साल 10वीं बोर्ड के छात्र होने के बावजूद वैभव ने आईपीएल और ट्रेनिंग के कारण परीक्षा में हिस्सा नहीं लेने का निर्णय लिया। इस फैसले के पीछे उनकी पेशेवर क्रिकेट करियर और आगामी टूर्नामेंट की तैयारियों को प्राथमिकता देना मुख्य कारण है।
स्कूल की फीस और शैक्षणिक जानकारी
डॉ मुक्तेश्वर सिन्हा मॉडेस्टी स्कूल ने अपनी फीस संरचना वेबसाइट पर साझा की है। 10वीं कक्षा के छात्रों के लिए ट्यूशन फीस 2,300 रुपये प्रति माह है। इसके अलावा, एग्जामिनेशन फीस 1,000 रुपये और एक्टिविटी फीस 3,000 रुपये निर्धारित है। स्कूल में पढ़ाई के साथ-साथ खेल और अन्य एक्टिविटी पर भी ध्यान दिया जाता है।
स्कूल की फीस और सुविधाओं के आधार पर यह स्पष्ट होता है कि वैभव सूर्यवंशी को पढ़ाई और खेल दोनों में संतुलन बनाए रखने का अवसर मिल रहा है।









