गया। दीपावली के त्योहार को देखते हुए गया शहर में अग्निशमन विभाग ने आगजनी की घटनाओं से निपटने के लिए विशेष तैयारी की है। त्योहार के दौरान पटाखों, दीपों और बिजली की सजावट के कारण आग लगने की आशंका बनी रहती है। इसे ध्यान में रखते हुए शहर के 21 प्रमुख स्थानों पर दमकल गाड़ियों की तैनाती की जाएगी। वहीं, जिन इलाकों में सड़कें बेहद संकरी हैं और बड़ी दमकल गाड़ियों का पहुंचना मुश्किल है, वहां आग बुझाने के लिए फायर बाइक की व्यवस्था की गई है। इसके अलावा शहर के अलग-अलग हिस्सों में छह अस्थायी कंट्रोल रूम बनाए जाएंगे, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके।
अग्निशमन विभाग की इस व्यवस्था का उद्देश्य दीपावली के दौरान शहर में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत रखना है। त्योहार के समय बाजारों, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों, आवासीय इलाकों और पूजा स्थलों पर लोगों की आवाजाही बढ़ जाती है। घरों और दुकानों में दीपक जलाने के साथ बिजली की रंगीन लाइटें भी लगाई जाती हैं। कई स्थानों पर पटाखों का इस्तेमाल भी होता है। ऐसे में छोटी सी लापरवाही भी बड़ी आगजनी की घटना का कारण बन सकती है। विभाग ने इसी खतरे को देखते हुए पहले से ही संवेदनशील स्थानों की पहचान कर तैयारी शुरू कर दी है।
शहर के 21 स्थानों पर दमकल गाड़ियों की तैनाती से आग लगने की स्थिति में राहत और बचाव कार्य तेजी से शुरू किया जा सकेगा। दमकल वाहनों को ऐसे स्थानों पर रखा जाएगा, जहां से आसपास के बाजारों और घनी आबादी वाले इलाकों तक कम समय में पहुंचा जा सके। इससे आग लगने की सूचना मिलते ही टीम को मौके पर भेजने में आसानी होगी। खासकर दीपावली की शाम और रात के समय दमकल कर्मियों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं।
गया शहर के कई मोहल्लों और पुराने बाजारों में सड़कें काफी संकरी हैं। इन इलाकों में बड़ी दमकल गाड़ियों को ले जाना चुनौतीपूर्ण होता है। कई बार गलियों में वाहनों की भीड़ और अतिक्रमण के कारण भी दमकल टीम को घटनास्थल तक पहुंचने में परेशानी होती है। इस समस्या को देखते हुए विभाग ने फायर बाइक तैनात करने की योजना बनाई है। फायर बाइक छोटी और संकरी जगहों से आसानी से गुजर सकती है। आग लगने की शुरुआती स्थिति में यह काफी उपयोगी साबित हो सकती है। फायर बाइक के जरिए तत्काल मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाने का प्रयास किया जाएगा और जरूरत पड़ने पर बड़ी दमकल गाड़ियों को भी बुलाया जाएगा।
इसके साथ ही शहर में छह अस्थायी कंट्रोल रूम बनाए जाएंगे। गांधी मैदान से लेकर रेलवे स्टेशन तक अलग-अलग स्थानों पर इन कंट्रोल रूम के माध्यम से अग्निशमन व्यवस्था की निगरानी की जाएगी। कंट्रोल रूम में तैनात कर्मियों को आग लगने की सूचना मिलने पर संबंधित दमकल टीम को तत्काल अलर्ट करने की जिम्मेदारी दी जाएगी। इससे सूचना मिलने और मौके पर कार्रवाई शुरू होने के बीच लगने वाले समय को कम किया जा सकेगा। इन अस्थायी केंद्रों के जरिए शहर के प्रमुख इलाकों में दमकल वाहनों की गतिविधियों पर भी नजर रखी जाएगी।
दीपावली के दौरान गया के प्रमुख बाजारों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। दुकानों में ज्वलनशील सामान, कपड़े, सजावटी वस्तुएं और बिजली के उपकरण बड़ी मात्रा में रखे जाते हैं। ऐसे स्थानों पर पटाखे जलाने या खुले तारों के आसपास दीपक रखने से आग लगने का खतरा बढ़ सकता है। अग्निशमन विभाग की ओर से लोगों को सावधानी बरतने और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत सूचना देने की सलाह दी जा रही है।
अग्निशमन विभाग की इस तैयारी से दीपावली के दौरान शहर में आगजनी की घटनाओं पर जल्द नियंत्रण पाने में मदद मिलने की उम्मीद है। 21 स्थानों पर दमकल गाड़ियों की तैनाती, संकरी गलियों के लिए फायर बाइक और छह अस्थायी कंट्रोल रूम की व्यवस्था से राहत कार्य को अधिक प्रभावी बनाने का प्रयास किया जा रहा है। अब त्योहार के दौरान इन व्यवस्थाओं की सक्रियता और आम लोगों की सतर्कता शहर की सुरक्षा के लिए अहम होगी।











