किडनी की सेहत बनाए रखने के लिए क्रिएटिनिन का संतुलित स्तर जरूरी है। ज्यादा या कम क्रिएटिनिन शरीर में किडनी पर दबाव बढ़ा सकता है और स्वास्थ्य जोखिम पैदा कर सकता है। विशेषज्ञों के अनुसार पर्याप्त पानी पीना, नमक और प्रोटीन का संतुलित सेवन तथा नियमित एक्सरसाइज किडनी को स्वस्थ बनाए रखने में मदद करते हैं।
Creatinine and kidney health: किडनी की अच्छी सेहत के लिए क्रिएटिनिन का संतुलित स्तर बेहद अहम है। दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल के नेफ्रोलॉजी विभाग के एचओडी डॉ. हिमांशु वर्मा के मुताबिक शरीर में क्रिएटिनिन का बढ़ना या घटना किडनी पर दबाव का संकेत है। अधिकतर मामलों में पानी कम पीना, हाई बीपी, प्रोटीन-भरी डाइट और कुछ दवाइयों के सेवन से इसका स्तर प्रभावित होता है। संतुलित जीवनशैली और सही खानपान से क्रिएटिनिन नियंत्रण में रखा जा सकता है।
क्रिएटिनिन क्या है और क्यों जरूरी है
क्रिएटिनिन शरीर का वेस्ट प्रोडक्ट है जो मांसपेशियों के सामान्य कामकाज के दौरान बनता है और खून के जरिए किडनी तक पहुंचता है। किडनी इसे फिल्टर कर यूरिन के माध्यम से बाहर निकालती है।
इसके स्तर का बढ़ना किडनी पर दबाव बढ़ने का संकेत है। कम या ज्यादा क्रिएटिनिन दोनों ही असामान्य हैं, लेकिन अधिक होना अधिक खतरनाक माना जाता है। आमतौर पर इसका नॉर्मल स्तर 0.7 से 1.3 mg/dL के बीच होना चाहिए।

क्रिएटिनिन बढ़ने के कारण
डॉ. हिमांशु वर्मा के अनुसार क्रिएटिनिन बढ़ने के प्रमुख कारणों में पर्याप्त पानी न पीना, हाई प्रोटीन डाइट, कुछ दवाओं के साइड इफेक्ट और हाई ब्लड प्रेशर शामिल हैं।
किडनी पर लगातार दबाव पड़ने से यह अंग ठीक से वेस्ट को फिल्टर नहीं कर पाता। इस स्थिति में समय रहते सावधानी और डॉक्टर से परामर्श बेहद जरूरी है।
किडनी स्वस्थ रखने के उपाय
किडनी को स्वस्थ रखने के लिए रोजाना कम से कम 7-8 गिलास पानी पीना जरूरी है। इसके अलावा नमक का सेवन दिन में 5 ग्राम से अधिक नहीं होना चाहिए।
प्रोटीन का सेवन डॉक्टर की सलाह से करें और रोज एक्सरसाइज को अपनी दिनचर्या में शामिल करें। संतुलित खानपान और नियमित जीवनशैली किडनी की कार्यक्षमता बनाए रखने में मदद करती है।







