पूरन पोली महाराष्ट्र और दक्षिण भारत की एक बहुत ही प्रसिद्ध और पारंपरिक मीठी डिश है। इसे खास तौर पर होली, गुड़ी पड़वा और दिवाली जैसे त्योहारों पर बनाया जाता है। यह एक तरह की मीठी रोटी है जिसमें चने की दाल और गुड़ का मिश्रण भरा जाता है।
आवश्यक सामग्री
भरावन (पूरन) के लिए:
- चना दाल: 1 कप (2-3 घंटे भीगी हुई)
- गुड़: 1 कप (कद्दूकस किया हुआ)
- इलायची पाउडर: ½ छोटा चम्मच
- जायफल पाउडर (Nutmeg): 1 चुटकी (असली स्वाद के लिए बहुत ज़रूरी)
- हल्दी: ¼ छोटा चम्मच
- बाहरी परत (पोली/आटा) के लिए:
- गेहूं का आटा: 1 कप
- मैदा: ½ कप (वैकल्पिक, आप सिर्फ गेहूं का आटा भी ले सकते हैं)
- हल्दी: ¼ छोटा चम्मच (रंग के लिए)
- नमक: 1 चुटकी
- तेल/घी: 2-3 चम्मच (मोयन के लिए)
- घी: सेकने के लिए
बनाने की विधि
पूरन (भरावन) तैयार करना
- भीगी हुई चना दाल को कुकर में थोड़ा पानी और हल्दी डालकर 3-4 सीटी आने तक उबालें। दाल पक जानी चाहिए लेकिन पूरी तरह घुलनी नहीं चाहिए।
- दाल का एक्स्ट्रा पानी छानकर निकाल दें (इस पानी से आप 'कटाची आमटी' या रसम बना सकते हैं)।
- अब एक कड़ाही में उबली हुई दाल और गुड़ डालें। इसे धीमी आंच पर पकाएं।
- गुड़ पिघलने लगेगा। इसे लगातार चलाते हुए तब तक पकाएं जब तक मिश्रण गाढ़ा और सूखा न हो जाए।
- गैस बंद करें और इसमें इलायची और जायफल पाउडर मिलाएं।
- महत्वपूर्ण: मिश्रण को गरम रहते ही एक छलनी (Sieve) से छान लें या पीस लें ताकि वह एकदम चिकना (Smooth) हो जाए। इसे 'पूरन' कहते हैं।
आटा गूंथना
- एक बर्तन में आटा, मैदा, नमक, हल्दी और तेल मिलाएं।
- थोड़ा-थोड़ा पानी डालकर नरम आटा गूंथ लें (रोटी के आटे से थोड़ा ज्यादा नरम होना चाहिए)।
- आटे पर तेल लगाकर इसे 15-20 मिनट के लिए ढककर रख दें।
पूरन पोली बनाना
- आटे की एक लोई लें और उसे हाथ से थोड़ा फैलाएं।
- इसके बीच में पूरन (दाल का मिश्रण) का एक गोला रखें (पूरन की मात्रा आटे की लोई के बराबर होनी चाहिए)।
- किनारों को ऊपर उठाकर बंद करें और फिर से गोला बना लें।
- सूखा आटा लगाकर इसे हल्के हाथ से रोटी की तरह बेलें। ध्यान रहे कि पूरन बाहर न निकले।
सेकना
- तवा गरम करें और बेली हुई पोली उस पर डालें।
- जब एक तरफ बुलबुले आने लगें, तो पलट दें।
- दोनों तरफ अच्छे से घी लगाएं और सुनहरा होने तक सेकें।
परोसने का तरीका
- पूरन पोली का असली मज़ा ढेर सारे घी के साथ आता है।
- इसे गरम दूध या 'कटाची आमटी' (मसालेदार दाल का पानी) के साथ भी परोसा जाता है।
खाने के फायदे
मोदक सेहत के लिए बहुत अच्छे होते हैं क्योंकि इन्हें भाप (Steam) में पकाया जाता है, जिससे ये सुपाच्य और हल्के होते हैं। इसमें मौजूद नारियल और गुड़ शरीर को तुरंत ऊर्जा और आयरन देते हैं, जो पाचन तंत्र को भी सुधारते हैं। साथ ही, देसी घी विटामिन्स के अवशोषण में मदद करता है और हड्डियों को मजबूती देता है।













