सीरिया में दहशत का मंजर, 1000 से ज्यादा मौतें, 450 को नजदीक से मारी गोली

सीरिया में सुरक्षा बलों और असद समर्थकों के बीच हिंसा में 1000 से अधिक मौतें हुईं। दो दिनों की यह झड़प पिछले 14 वर्षों की सबसे बड़ी हिंसा मानी जा रही है।

सीरिया में सुरक्षा बलों और अपदस्थ राष्ट्रपति असद के समर्थकों के बीच हिंसा भड़क गई है, जिसमें दो दिनों में 1000 से ज्यादा लोग मारे गए, इसे 14 सालों की सबसे बड़ी हिंसा बताया जा रहा है।

Syria: सीरिया में हालात लगातार बिगड़ते जा रहे हैं। दो दिनों से जारी हिंसा में 1000 से ज्यादा लोग मारे जा चुके हैं। यह खूनी संघर्ष सुरक्षा बलों और अपदस्थ राष्ट्रपति बशर अल-असद के समर्थकों के बीच चल रहा है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह पिछले 14 वर्षों की सबसे भयानक हिंसा है, जिसने देश को एक बार फिर अस्थिरता के कगार पर ला खड़ा किया है।

हत्या का खौफनाक पैटर्न

सीरिया में दहशत का मंजर, 1000 से ज्यादा मौतें, 450 को नजदीक से मारी गोली

ब्रिटेन स्थित सीरियन ऑब्जर्वेटरी फॉर ह्यूमन राइट्स की रिपोर्ट के अनुसार, मारे गए लोगों में से 745 नागरिकों को बेहद करीब से गोली मारी गई। इसके अलावा, 125 सरकारी सुरक्षा बलों के जवान और 148 असद समर्थक उग्रवादी भी मारे गए। हालात इतने खराब हो गए हैं कि लताकिया शहर के आसपास बिजली और पानी की आपूर्ति बंद कर दी गई है, जिससे स्थानीय नागरिकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

कैसे भड़की हिंसा? 

सीरिया की नई सरकार ने इस हिंसा के लिए असद समर्थकों को जिम्मेदार ठहराया है। सरकारी बयान के अनुसार, वे असद समर्थक लड़ाकों द्वारा किए गए हमलों के खिलाफ कार्रवाई कर रहे हैं।

सीरिया में दहशत का मंजर, 1000 से ज्यादा मौतें, 450 को नजदीक से मारी गोली

हिंसा की शुरुआत गुरुवार को तटीय शहर जबलेह के पास हुई, जब सुरक्षा बलों ने एक वांछित व्यक्ति को गिरफ्तार करने की कोशिश की। इसी दौरान असद समर्थकों ने अचानक हमला कर दिया, जिससे पूरे इलाके में तनाव फैल गया।

शुक्रवार को हालात और बिगड़ गए जब असद समर्थक सुन्नी मुस्लिम बंदूकधारियों ने अल्पसंख्यक अलावी समुदाय के लोगों पर हमले शुरू कर दिए। इसके बाद से देशभर में झड़पें जारी हैं।

हयात तहरीर अल-शाम के लिए बड़ा झटका

सीरिया में दहशत का मंजर, 1000 से ज्यादा मौतें, 450 को नजदीक से मारी गोली

इस हिंसा के कारण हयात तहरीर अल-शाम (HTS) को बड़ा झटका लगा है। HTS वही विद्रोही संगठन है, जिसने असद शासन को उखाड़ फेंकने में अहम भूमिका निभाई थी। अब जब असद समर्थकों ने सरकार के खिलाफ हथियार उठा लिए हैं, तो सीरिया फिर से एक नए गृहयुद्ध की ओर बढ़ता दिख रहा है।

सीरिया की जेलों में भीषण अत्याचार

सीरियन ऑब्जर्वेटरी फॉर ह्यूमन राइट्स की एक रिपोर्ट के मुताबिक, असद शासन के दौरान जेलों में 1 लाख से ज्यादा लोगों को मारा गया। अकेले सैदनाया जेल में 30,000 से ज्यादा कैदी मारे गए।

सीरिया में दहशत का मंजर, 1000 से ज्यादा मौतें, 450 को नजदीक से मारी गोली

सैदनाया जेल को दुनिया की सबसे क्रूर जेलों में से एक माना जाता है, जहां यातनाएं, हत्या और जबरन गायब किए जाने की घटनाएं आम हैं। रिपोर्ट के अनुसार, 2011 के बाद से इस जेल को असद शासन की क्रूर नीतियों को लागू करने के लिए इस्तेमाल किया जाता रहा है।

क्या सीरिया फिर गृहयुद्ध की ओर बढ़ रहा है?

देश में सुरक्षा बलों और असद समर्थकों के बीच बढ़ती हिंसा को देखते हुए विशेषज्ञों का मानना है कि सीरिया एक और गृहयुद्ध की ओर बढ़ सकता है। सरकार ने अब तक असद समर्थकों के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं की है, जिससे हालात और खराब होते जा रहे हैं।

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