मोकामा से जदयू विधायक और बाहुबली नेता अनंत सिंह की रिहाई का इंतजार खत्म हो गया है। आज, 23 मार्च को अनंत सिंह पटना के बेऊर जेल से रिहा हो जाएंगे। दुलारचंद हत्याकांड में पटना हाईकोर्ट से उन्हें जमानत मिल गई है और दोपहर 2 बजे के बाद उनके जेल से बाहर आने की संभावना जताई जा रही है।
पटना: भारत के पूर्वी राज्य बिहार में चर्चित राजनीतिक नेता और मोकामा से विधायक अनंत सिंह आज पटना के बेऊर जेल से रिहा हो जाएंगे। उन्हें दुलारचंद हत्याकांड मामले में पटना हाईकोर्ट से जमानत मिलने के बाद रिहाई का आदेश जारी किया गया था। उनकी रिहाई को लेकर समर्थकों में भारी उत्साह देखा जा रहा है और जेल के बाहर से लेकर उनके सरकारी आवास तक बड़ी संख्या में लोगों के जुटने की खबर है।
सूत्रों के अनुसार, दोपहर बाद रिहाई की औपचारिकताएं पूरी होने के बाद अनंत सिंह जेल से बाहर आएंगे और सीधे अपने सरकारी आवास पहुंचेंगे। प्रशासन ने भीड़ को देखते हुए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं, क्योंकि उनके समर्थकों द्वारा भव्य स्वागत की तैयारी की गई है।
समर्थकों में उत्साह, सुरक्षा के कड़े इंतजाम
अनंत सिंह की रिहाई की खबर फैलते ही उनके समर्थक सुबह से ही बेऊर जेल के बाहर जमा होने लगे। पुलिस और प्रशासन ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिरिक्त बल तैनात किया है। अधिकारियों का कहना है कि भीड़ को नियंत्रित करने और किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए विशेष सुरक्षा योजना लागू की गई है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि अनंत सिंह का क्षेत्रीय राजनीति में प्रभाव अभी भी मजबूत है, इसलिए उनकी रिहाई का असर स्थानीय राजनीतिक माहौल पर पड़ सकता है।
![]()
मोकामा में रोडशो और धार्मिक कार्यक्रम
रिहाई के बाद 24 मार्च को अनंत सिंह अपने विधानसभा क्षेत्र मोकामा के लिए रवाना होंगे। इस दौरान वे रोडशो करेंगे, जिसमें बड़ी संख्या में समर्थकों के शामिल होने की संभावना है। कार्यक्रम के तहत वे बड़हिया स्थित महारानी स्थान मंदिर में पूजा-अर्चना भी करेंगे। मोकामा और आसपास के क्षेत्रों में उनके स्वागत के लिए कई जगहों पर तैयारियां की जा रही हैं।
स्थानीय स्तर पर इसे शक्ति प्रदर्शन के रूप में भी देखा जा रहा है, क्योंकि आने वाले समय में राज्य की राजनीति में उनकी भूमिका को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।
दुलारचंद हत्याकांड से जुड़ा मामला
यह मामला पिछले वर्ष 30 अक्टूबर को हुए दुलारचंद यादव हत्याकांड से जुड़ा है। आरोप है कि चुनाव प्रचार के दौरान हुई इस घटना के बाद पुलिस ने जांच शुरू की थी। इसके बाद 1 नवंबर को पटना पुलिस ने बाढ़ क्षेत्र स्थित विधायक आवास से अनंत सिंह को गिरफ्तार किया था। अगले दिन उन्हें न्यायिक हिरासत में भेजते हुए बेऊर जेल में रखा गया था। लगभग चार महीने जेल में रहने के बाद अब उन्हें जमानत मिल गई है।
पटना हाईकोर्ट के न्यायाधीश जस्टिस रुद्र प्रकाश मिश्रा की एकल पीठ ने सुनवाई के बाद अनंत सिंह को सशर्त जमानत दी। अदालत ने स्पष्ट किया कि अगर वे किसी भी गवाह को प्रभावित करने या धमकाने की कोशिश करते हैं तो उनकी जमानत तुरंत रद्द की जा सकती है। इसके अलावा कोर्ट ने यह भी कहा कि उन्हें हर सुनवाई में उपस्थित रहना होगा और जांच में पूरा सहयोग करना होगा। अदालत की इन शर्तों को इस मामले में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।









