टेक कंपनी Oracle ने दुनियाभर में 30,000 कर्मचारियों की छंटनी की, जिनमें से 12,000 भारत में थे। विशेषज्ञों का मानना है कि एआई में बढ़ते निवेश और ऑटोमेशन के चलते यह कदम उठाया गया। खासकर सीनियर इंजीनियर, प्रोग्राम मैनेजर और टेक्नीकल स्पेशलिस्ट पर इसका असर पड़ा। AI के बढ़ते प्रयोग से तकनीकी कर्मचारियों की नौकरियां खतरे में हैं।
Oracle Layoffs: टेक कंपनी Oracle ने 31 मार्च को अचानक 30,000 कर्मचारियों की छंटनी की घोषणा की, जिसमें भारत के 12,000 कर्मचारी शामिल थे। कंपनी ने यह कदम बिजनेस जरूरतों और एआई निवेश के चलते उठाया। इससे सीनियर इंजीनियर, आर्किटेक्ट्स और प्रोग्राम मैनेजर जैसे तकनीकी कर्मचारियों की नौकरियां प्रभावित हुई हैं। विशेषज्ञ मानते हैं कि बढ़ते AI और ऑटोमेशन के कारण भविष्य में सॉफ़्टवेयर इंजीनियरों की मांग पर भी दबाव बढ़ सकता है।
Oracle में 30,000 कर्मचारियों की छंटनी
टेक कंपनी Oracle ने हाल ही में दुनियाभर में करीब 30,000 कर्मचारियों की छंटनी की घोषणा की, जिनमें से 12,000 कर्मचारी भारत में थे। कंपनी के कुल 1.62 लाख कर्मचारियों में लगभग 18 प्रतिशत को इस कदम में प्रभावित किया गया। छंटनी की सूचना कर्मचारियों को 31 मार्च को ईमेल के माध्यम से दी गई। ऑरेकल ने बयान में कहा कि यह कदम बिजनेस जरूरतों के अनुसार लिया गया।
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AI पर निवेश और बदलाव की वजह
विश्लेषकों का मानना है कि Oracle की छंटनी में एआई का बड़ा हाथ है। कंपनी ने हाल ही में OpenAI के साथ 300 बिलियन डॉलर की डेटासेंटर डील की है और AI सिस्टम डेवलपमेंट और क्लाउड सेक्टर में निवेश बढ़ाया है। इसका उद्देश्य अल्फाबेट और अमेज़न जैसी कंपनियों के क्लाउड सेवाओं से मुकाबला करना है।
कौन-कौन प्रभावित हुआ
छंटनी में सीनियर इंजीनियर, आर्किटेक्ट्स, प्रोग्राम मैनेजर और टेक्नीकल स्पेशलिस्ट शामिल हैं। Oracle की इस रणनीति का असर तकनीकी कर्मचारियों पर पड़ा, खासकर उन लोगों पर जिनके काम AI मॉडल द्वारा अब ऑटोमेट किए जा सकते हैं।
AI और सॉफ़्टवेयर इंजीनियरों की नौकरियों का भविष्य
AI टेक्नोलॉजी तेजी से सुधार रही है और कई बड़े AI लीडर मानते हैं कि जल्द ही सॉफ्टवेयर इंजीनियरों के काम को AI पूरा कर सकता है। एंथ्रोपिक और OpenAI के सीईओ ने स्पष्ट किया कि AI एजेंट्स अब एंड-टू-एंड कोडिंग और सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट के काम संभालने में सक्षम हैं। इससे तकनीकी कर्मचारियों की नौकरी पर प्रत्यक्ष खतरा बढ़ गया है।










