आगरा में गहराया जल संकट, गंगाजल आपूर्ति घटने से कई इलाकों में पानी की किल्लत

गंगाजल आपूर्ति घटने से आगरा के कई इलाकों में जल संकट गहरा गया है। पानी की सप्लाई प्रभावित होने से लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

पालड़ा झाल से गंगाजल की आपूर्ति कम होने के कारण आगरा में जल संकट गहरा गया है। कई इलाकों में पानी की सप्लाई प्रभावित हुई है और लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। जल विभाग के अनुसार स्थिति अगले दो से तीन दिनों तक बनी रह सकती है।

आगरा: भीषण गर्मी के बीच आगरा में पानी की समस्या और गंभीर हो गई है। पालड़ा झाल से मिलने वाली गंगाजल आपूर्ति में कमी आने के कारण शहर के कई क्षेत्रों में जलापूर्ति प्रभावित हुई है। पानी का दबाव कम होने से अनेक मोहल्लों में लोगों को पर्याप्त पानी नहीं मिल पा रहा है, जिससे दैनिक जरूरतों को पूरा करने में परेशानी बढ़ गई है।

गंगाजल आपूर्ति में आई बड़ी कमी

आगरा को सामान्य रूप से बुलंदशहर स्थित पालड़ा झाल से लगभग सात हजार क्यूसेक प्रति घंटा गंगाजल की आपूर्ति होती है। लेकिन पिछले कुछ दिनों से यह आपूर्ति घटकर करीब पांच हजार क्यूसेक प्रति घंटा रह गई है।

आगरा में गहराया जल संकट, गंगाजल आपूर्ति घटने से कई इलाकों में पानी की किल्लत

जलापूर्ति में आई इस कमी का सीधा असर शहर के प्रमुख जल शोधन संयंत्रों पर पड़ा है। इससे कई क्षेत्रों में पानी का दबाव कम हो गया और नियमित सप्लाई बाधित हो गई।

कई इलाकों में नहीं पहुंच रहा पर्याप्त पानी

गंगाजल की कम आपूर्ति के कारण कालामहल, पीपलमंडी, दरेसी, बेलनगंज, गधापाड़ा, जीवनी मंडी रोड और यमुना किनारा रोड सहित कई क्षेत्रों में पानी की आपूर्ति प्रभावित हुई है।

सुबह और शाम दोनों समय लोगों को पानी की कमी का सामना करना पड़ा। कई स्थानों पर नलों में पर्याप्त पानी नहीं आया, जबकि कुछ इलाकों में सप्लाई पूरी तरह बाधित रही।

भीषण गर्मी में बढ़ी लोगों की परेशानी

गर्मी के इस मौसम में जल संकट ने लोगों की मुश्किलें और बढ़ा दी हैं। कई परिवारों को पानी के लिए वैकल्पिक व्यवस्थाओं का सहारा लेना पड़ा। कुछ लोगों ने सबमर्सिबल पंप के जरिए पानी की जरूरत पूरी की, जबकि कई स्थानों पर लोग पानी की तलाश में इधर-उधर भटकते नजर आए।

स्थानीय लोगों का कहना है कि गर्मी के मौसम में पानी की कमी से घरेलू कामकाज और पेयजल व्यवस्था दोनों प्रभावित हो रही हैं।

जल शोधन संयंत्रों पर पड़ा असर

जीवनी मंडी वाटरवर्क्स में गंगाजल के आधार पर संचालित होने वाले दो बड़े जल शोधन संयंत्रों पर इस कमी का प्रभाव देखा जा रहा है। पानी का दबाव कम होने से उत्पादन क्षमता प्रभावित हुई है।

सिकंदरा स्थित जल संयंत्र में भी गंगाजल की उपलब्धता कम होने के कारण निर्धारित मात्रा में जलापूर्ति नहीं हो पा रही है। इससे शहर के कई हिस्सों में सप्लाई प्रभावित हुई है।

अगले दो से तीन दिन बनी रह सकती है समस्या

जल विभाग के अधिकारियों के अनुसार फिलहाल पालड़ा झाल से गंगाजल की आपूर्ति सामान्य स्तर पर नहीं पहुंची है। ऐसे में आने वाले दो से तीन दिनों तक शहर के कुछ क्षेत्रों में पानी की समस्या बनी रह सकती है।

विभाग स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और उपलब्ध संसाधनों के अनुसार जलापूर्ति को संतुलित करने का प्रयास कर रहा है। अधिकारियों ने नागरिकों से पानी का सावधानीपूर्वक उपयोग करने और अनावश्यक बर्बादी से बचने की अपील की है।

वैकल्पिक व्यवस्था पर भी नजर

जल संकट को देखते हुए विभाग वैकल्पिक जल स्रोतों और वितरण व्यवस्था पर भी काम कर रहा है। हालांकि मांग अधिक होने और आपूर्ति कम रहने के कारण स्थिति चुनौतीपूर्ण बनी हुई है।

प्रशासन को उम्मीद है कि पालड़ा झाल से गंगाजल की आपूर्ति सामान्य होते ही शहर में जलापूर्ति व्यवस्था भी पटरी पर लौट आएगी और लोगों को राहत मिलेगी।

Leave a comment