आगरा-एक बड़े हादसे के बाद केनरा बैंक की शाखा के मलबे के आसपास अफरा-तफरी का माहौल बन गया, जब बड़ी संख्या में लोग वहां दबे नोटों को बटोरने के लिए पहुंचने लगे। घटना की जानकारी फैलते ही आसपास के इलाकों से लोग मौके पर जमा हो गए, जिससे स्थिति और भी ज्यादा बिगड़ गई।
बताया जा रहा है कि बैंक की इमारत के मलबे में नकदी दबे होने की आशंका है, जिसके चलते लोग जोखिम उठाकर भी मलबे के पास पहुंचने लगे। कई लोग बिना सुरक्षा के ही मलबे में घुसकर नोट तलाशते नजर आए, जिससे उनकी जान को भी खतरा बना रहा।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई की और मौके पर भारी संख्या में पुलिस बल के साथ PAC (प्रांतीय आर्म्ड कॉन्स्टेबुलरी) को तैनात किया गया। सुरक्षा बलों ने इलाके को घेरकर लोगों को वहां से हटाने की कोशिश की, ताकि किसी भी तरह की लूटपाट या अव्यवस्था को रोका जा सके।
जानकारी के मुताबिक, इस बैंक शाखा में बड़े स्तर पर लेनदेन होता था और करीब 300 करोड़ रुपये का कारोबार बताया जा रहा है। इसके अलावा, बैंक के लॉकरों में ग्राहकों का कीमती सामान और सोना भी रखा हुआ है, जिसे लेकर लोगों में तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि बैंक की संपत्ति पूरी तरह सुरक्षित रखने की जिम्मेदारी उनकी है और किसी को भी मलबे के पास जाने की अनुमति नहीं दी जाएगी। अधिकारियों का कहना है कि मलबे को हटाने का काम विशेषज्ञों की निगरानी में किया जाएगा और जो भी नकदी या सामान बरामद होगा, उसे नियमानुसार सुरक्षित रखा जाएगा।
स्थानीय लोगों का कहना है कि घटना के बाद अचानक फैली अफवाहों के कारण भीड़ बढ़ गई, जिससे हालात बिगड़ गए। कुछ लोग सिर्फ देखने के लिए पहुंचे थे, जबकि कुछ लोग मौके का फायदा उठाने की कोशिश कर रहे थे।
पुलिस ने चेतावनी दी है कि अगर कोई भी व्यक्ति मलबे से छेड़छाड़ करता या सामान उठाने की कोशिश करता पाया गया, तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
इस घटना ने यह भी दिखाया है कि आपदा के समय अफवाहें किस तरह हालात को और बिगाड़ सकती हैं। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे संयम बनाए रखें और किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें।
फिलहाल, केनरा बैंक की शाखा के आसपास सुरक्षा कड़ी कर दी गई है और हालात पर पूरी नजर रखी जा रही है, ताकि स्थिति को जल्द से जल्द सामान्य किया जा सके।