बेसन, मैदा और चावल के आटे से घर पर बनाएं कुरकुरी चकली, तलते समय नहीं टूटेगी

Crispy Chakli Recipe: बेसन, मैदा और चावल के आटे से घर पर बनाएं कुरकुरी चकली। जानें आटे को भाप में पकाने का आसान तरीका, जिससे तलते समय चकली कम टूटेगी।

दिवाली पर घर में कुरकुरी और स्वादिष्ट चकली बनाना चाहते हैं तो बेसन, मैदा और चावल के आटे की यह रेसिपी आजमा सकते हैं। आटे को गूंथने से पहले भाप में पकाने का तरीका चकली को सही आकार देने और तलते समय टूटने से बचाने में मदद कर सकता है।

Crispy Chakli Recipe: दिवाली पर घर में मिठाइयों के साथ नमकीन बनाने की भी खूब तैयारी होती है। इनमें चकली एक ऐसी चीज है, जिसे बच्चे और बड़े सभी पसंद करते हैं। हालांकि, घर पर चकली बनाते समय कई बार वह तेल में डालते ही टूटने लगती है या फिर ठंडी होने के बाद नरम पड़ जाती है। अगर आपके साथ भी ऐसा होता है तो 'नारी की रसोई' में बताया गया आटे को भाप में पकाने का तरीका आजमा सकते हैं। इससे चकली का आकार बनाए रखने में मदद मिल सकती है।

चकली बनाने के लिए क्या-क्या सामान चाहिए?

चकली के लिए सबसे पहले एक कप बेसन, एक कप मैदा और एक कप चावल का आटा निकाल लें। मसालों में आधा चम्मच अजवाइन, आधा चम्मच जीरा, आधा चम्मच कुटी काली मिर्च, थोड़ा सा गरम मसाला, एक चौथाई चम्मच हल्दी और आधा चम्मच लाल मिर्च पाउडर लेना है। नमक अपने स्वाद के हिसाब से डाल सकते हैं।

बेसन, मैदा और चावल के आटे से घर पर बनाएं कुरकुरी चकली, तलते समय नहीं टूटेगी

इसके साथ एक चम्मच सफेद तिल और चुटकी भर हींग भी रख लें। आटे में दो चम्मच तेल या घी डाला जाएगा। गूंथने के लिए पानी और तलने के लिए तेल भी चाहिए। घर में छोटे बच्चे हैं और उनके लिए भी चकली बना रहे हैं तो मिर्च थोड़ी कम डाल सकते हैं।

सबसे पहले तीनों आटे में मसाले मिलाएं

एक साफ सूती कपड़ा लेकर उसे थाली में बिछा लें। अब उस पर बेसन, मैदा और चावल का आटा डालें। तीनों को हाथ से मिला लें। इसके बाद अजवाइन, जीरा, काली मिर्च, गरम मसाला, हल्दी, लाल मिर्च पाउडर, तिल, हींग और नमक डाल दें।

मसाले डालने के बाद आटे को दोबारा मिलाना है। इस दौरान पानी बिल्कुल नहीं डालें। अभी सिर्फ सूखा मिश्रण तैयार करना है। जब सभी चीजें अच्छी तरह मिल जाएं तो कपड़े के किनारों को उठाकर पोटली बांध लें। पोटली इतनी ढीली न हो कि आटा बाहर गिरने लगे।

आटे की पोटली को 15 मिनट तक भाप में रखें

अब किसी बड़े बर्तन में थोड़ा पानी गर्म कर लें। घर में स्टीमर है तो उसका इस्तेमाल कर सकते हैं। पानी गर्म होने पर स्टीमर की जाली के ऊपर आटे की पोटली रख दें। बस इतना ध्यान रहे कि पोटली पानी को न छुए।

बर्तन को ढक्कन से बंद करके करीब 15 मिनट तक पकने दें। इसके बाद पोटली बाहर निकाल लें। खोलने पर आटा पहले जैसा नहीं दिखेगा। भाप की वजह से वह आपस में चिपककर सख्त हो जाएगा। कई जगह बड़े-बड़े ढेले भी बन सकते हैं।

आटे को कुछ देर ऐसे ही रहने दें, ताकि वह थोड़ा ठंडा हो जाए। गर्म आटे को तुरंत हाथ से तोड़ने की कोशिश न करें। जब उसकी गर्माहट कम हो जाए, तब अगले हिस्से की तैयारी करें।

सख्त आटे को तोड़कर दोबारा गूंथें

भाप में पका आटा निकालकर किसी परात या बड़ी थाली में रखें। अब बेलन की मदद से उसके बड़े टुकड़े तोड़ लें। छोटे टुकड़ों को हाथों से मसलते जाएं। जहां गांठें दिखें, उन्हें भी अच्छी तरह तोड़ दें। आटा जितना बारीक और एकसार रहेगा, उसे गूंथने में उतनी आसानी होगी।

इसके बाद आटे में दो चम्मच तेल या घी मिलाएं। अब थोड़ा पानी डालकर गूंथना शुरू करें। जरूरत पड़ने पर फिर पानी डाल सकते हैं, लेकिन एक साथ ज्यादा पानी न डालें।

चकली का आटा रोटी के आटे से थोड़ा नरम रखना है। बहुत सख्त आटा सांचे से निकालने में परेशानी कर सकता है। वहीं ज्यादा गीला आटा चकली का गोल आकार बिगाड़ सकता है। आटा तैयार हो जाए तो उसे ढककर करीब 10 से 15 मिनट तक रख दें।

चकली को गोल आकार कैसे दें?

चकली बनाने वाले सांचे को खोलकर उसके अंदर थोड़ा तेल लगा लें। अब तैयार आटे से एक लोई बनाएं और सांचे में भर दें। सांचे को बंद करके किसी साफ प्लेट या बटर पेपर के ऊपर चकली निकालना शुरू करें।

हाथ को गोल घुमाते हुए चकली बनाएं। कोशिश करें कि पूरी चकली एक जैसी मोटाई की बने। अगर कहीं से बहुत पतली रह गई तो उठाते समय टूट सकती है। ज्यादा मोटी चकली को तलने में थोड़ा अधिक समय लग सकता है।

गोल घुमाने के बाद आटे का जो सिरा आखिरी में बचे, उसे हल्का दबाकर चकली से चिपका दें। ऐसा करने से तेल में डालने पर चकली का घेरा खुलने की आशंका कम रहेगी। इसी तरह बचे हुए आटे से भी चकलियां तैयार कर लें।

किस तरह तलें कि चकली कुरकुरी बने?

अब कड़ाही में तेल गर्म करें। तेल मध्यम गर्म होने पर एक छोटी चकली डालकर जांच लें। अगर वह धीरे-धीरे ऊपर आने लगे और आसपास हल्के बुलबुले दिखाई दें, तो तेल तलने के लिए तैयार है।

एक बार में ज्यादा चकली न डालें। इन्हें मध्यम आंच पर तलें और जरूरत पड़ने पर सावधानी से पलटते रहें। जब दोनों तरफ से रंग हल्का सुनहरा हो जाए और बुलबुले कम होने लगें, तब चकली तेल से निकाल लें।

तेज आंच पर तलने से चकली बाहर से जल्दी भूरी हो सकती है, जबकि अंदर पूरी तरह नहीं पकती। इसलिए आंच को नियंत्रित रखना जरूरी है।

लंबे समय तक कुरकुरी कैसे रखें चकली?

तली हुई चकली को जालीदार प्लेट या किचन पेपर पर निकाल लें, ताकि अतिरिक्त तेल अलग हो जाए। इसके बाद उन्हें पूरी तरह ठंडा होने दें। गर्म चकली को तुरंत डिब्बे में भरने से अंदर नमी जमा हो सकती है और उसका कुरकुरापन कम हो सकता है।

चकली ठंडी होने के बाद साफ, सूखे और एयरटाइट डिब्बे में भरकर रखें। इसे चाय के साथ शाम के नाश्ते में परोस सकते हैं। दिवाली पर घर आने वाले मेहमानों के लिए भी यह अच्छा नमकीन विकल्प है।

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